24 News Udpate अजमेर। अजमेर के वैशालीनगर निवासी एक व्यवसायी से IPO (इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग) में मोटा मुनाफा दिलाने का झांसा देकर एक महिला ने 56 लाख 77 हजार रुपए की ठगी कर ली। महिला ने खुद को IPO निवेश विशेषज्ञ बताते हुए ऑनलाइन बातचीत के जरिए कारोबारी को विश्वास में लिया और अलग-अलग 25 बैंक खातों में पैसे ट्रांसफर करवा लिए। जब कारोबारी ने निवेश पर लाभ मांगा, तो महिला ने उसे ब्लॉक कर दिया। अब पीड़ित की शिकायत पर मामला साइबर थाना अजमेर में दर्ज किया गया है। डीएसपी नमी सिंह के निर्देशन में जांच चल रही है।एक्स अकाउंट से शुरू हुआ जालपीड़ित अजय पारीक ने पुलिस को बताया कि उनकी एक व्यक्ति से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व ट्विटर) पर “डीके मुथुकृष्णन” नाम के यूज़र से बातचीत शुरू हुई थी। बाद में उसी अकाउंट से एक WhatsApp लिंक भेजा गया, जिसके माध्यम से “अनन्या” नाम की महिला से संपर्क हुआ। महिला ने खुद को IPO इन्वेस्टमेंट एक्सपर्ट बताते हुए निवेश पर भारी मुनाफा मिलने का भरोसा दिलाया।29 अप्रैल से 25 जून तक ट्रांजैक्शनअजय पारीक के अनुसार, 29 अप्रैल से 25 जून के बीच उन्होंने 25 अलग-अलग बैंक खातों में कुल 56 लाख 77 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए। जब उन्होंने निवेश की स्थिति पूछी तो महिला ने दावा किया कि उनकी रकम अब बढ़कर 1 करोड़ 76 लाख 5 हजार 327 रुपए हो चुकी है।मुनाफे के बदले और पैसे मांगने लगी आरोपीकुछ समय बाद जब अजय ने अपने पैसे वापस मांगे, तो महिला ने कहा कि रिटर्न पाने के लिए उन्हें अतिरिक्त एक करोड़ रुपए और जमा करने होंगे। इस पर कारोबारी को संदेह हुआ। जब उसने सवाल पूछे, तो महिला ने उसे WhatsApp पर ब्लॉक कर दिया। तब जाकर उन्हें अहसास हुआ कि उनके साथ एक बड़ी ठगी हो चुकी है।एसपी से की शिकायत, साइबर थाने में मुकदमा दर्जघटना का खुलासा होते ही अजय पारीक ने जिला पुलिस अधीक्षक बंदिता राणा से मुलाकात कर शिकायत दर्ज कराई। एसपी के निर्देश पर साइबर थाना अजमेर में मामला दर्ज कर लिया गया है। सब इंस्पेक्टर राधा अहीर की देखरेख में जांच जारी है।SI राधा ने बताया कि— “हम टेक्निकल आधार पर जांच कर रहे हैं। ट्रांजैक्शन हिस्ट्री और आरोपी द्वारा इस्तेमाल किए गए IP एड्रेस की पहचान की जा रही है। बैंक खातों की जानकारी भी खंगाली जा रही है।” पुलिस अधिकारियों ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर अनजान लोगों द्वारा किए गए निवेश या इनाम के वादों पर भरोसा न करें। कोई भी वित्तीय लेन-देन करने से पहले उसकी प्रामाणिकता की पुष्टि कर लें और किसी भी संदेहजनक गतिविधि की तुरंत सूचना साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी पुलिस स्टेशन को दें। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation कोलर से नया खेड़ा तक अब आसान सफर, सड़क सहित कई विकास कार्यों को मिली हरी झंडी अजमेर: भाजपा नेता व पूर्व सभापति से स्टेमसेल थेरेपी के नाम पर 18.95 लाख की ठगी, फर्जी इलाज से जीवन को भी खतरा