24 न्यूज अपडेट, पटना। पटना के टिनी टॉट एकेडमी स्कूल में 4 साल के आयुष की हत्या का राजफाश हो गया है। पुलिस ने प्रिंसिपल और उसके बेटे को गिरफ्तार कर लिया है। बेटा ही स्कूल कका संचालक है। पुलिस पूछताछ में प्रिंसिपल वीणा झा उर्फ पुतुल झा ने बताया कि स्कूल में खेलते वक्त आयुष स्लाइडर से गिर गया था व बेहोश हो गया, उसके सिर में चोट लगी इसके बाद खून काफी बह गया। यह देख कर दोनों डर गए और खून के धब्बे साफ करने के बाद आयुष को गटर में फेंक दिया ताकि किसी को पता नहीं चले। गुरुवार देर रात करीब 3 बजे आयुष का शव मिला पुलिस ने गटर से निकाला। गजब की बात है कि क्लास रूम के अंदर ही गटर का का ढक्कन खुलता है, पुलिस ने उसको खोला तो उसी में बच्चे की डेड बॉडी तैर रही थी। बच्चा नर्सरी में पढता था। इस घटना से माता-पिता बेसुध हो गए लोग जबर्दस्त आक्रोषित। लोगों ने स्कूल में आग लगा दी व रास्ता जाम कर दिया। मां बार बार रोक कह रही है कि सुबह 7 बजे स्कूल जाते वक्त कहने लगा, मां तुम आज मत जाओ। दादी को बैग दे दो। आज वो मुझे छोड़ेगी। दादा-दादी उसे बस तक छोड़ने गए थे। उन्हें क्या पता था कि वह आखिरी बार छोड़ने जा रहे हैं। पुलिस के अनुसार 12 बजे आयुष का स्कूल ख्हो गया व उसके बाद वह डेढ़ बजे से इसी स्कूल में कोचिंग डे केयर में रहता है। 3 बजे के बाद घर वापस आता है। उस दिन नहीं आया तो पेरेंट्स चिंता में डूब गए। तभी स्कूल से फोन आया कि आपका बच्चा नहीं मिल रहा है। बस ड्राइवर ने कहा कि मैंने स्कूल में सुब ही छोड़ा था। बहुत जिद करने पर प्रिसिंपल ने परिवार के सामने सीसीटीवी कैमरा फुटेज बताई। ध्यान से देखने पर पता चला कि इसमें से 10 मिनट की फुटेज गायब थी। आयुष की 5 साल की बहन जो उसी स्कूल में पढ रही है उसने घटना की अपनी आंखों से देख लिया था। उसने कहा कि धनराज सर ने गटर का ढक्कन हटाकर भाई को उसमें डाल दिया फिर ढक्कन लगा दिया। उस पर प्लास्टिक का बोरा रख दिया और वहां से निकलते हुए मेन गेट को बंद कर दिया। धनराज सर ने धमकी दी कि अगर किसी को कुछ कहा तो तुम देखना कि तुम्हारा क्या हाल होता है। इसके कारण उस मासूम ने किसी को कुछ नहीं कहा। जब पुलिस आई व जांच की तो सब कुछ समान्य दिखा। ढूंढते ढूंढते शुक्रवार सुबह 3 बजे पुलिस को शक हुआ और गटर का ढक्कन हटाया और राज खुल गया। शव निकलते ही सभी शिक्षक मौके से भाग गए। पिता शैलेंद्र ने रोते हुए कहा कि दो तीन दिन पहले नई किताब खरीद कर लाया था। स्कूल की फीस कभी बकाया नहीं रहता था। इसके बाद भी क्या दुश्मनी थी, पता नहीं है। अन्य अभिभावकों का कहना है कि अब वे अपने बच्चों को इस स्कूल में नहीं पढाएंगे। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation हरियाणा में बस बनी आग का गोला, 10 श्रद्धालु जिंदा जले, राहगीर मदद को नहीं आए, वीडियो बनाते रहे वीडियो देखें…..नोटों का इंजीनियर, जिसने देखा आंखें फटी रह गई………असम के गुवाहाटी में एक्जीक्यूटिव इंजीनियर के घर से 79,87,500 रुपये बरामद हुए हैं. राज्य की विजिलेंस एवं एंटी करप्शन टीम द्वारा की गई कार्रवाई।