24 News Update ढिकोला. ढिकोला उपतहसील मुख्यालय ढिकोला (डूंगरी चौराहा) से खायड़ा तक लगभग 14 किलोमीटर लंबी सड़क पिछले छह माह से निर्माणाधीन होने के बावजूद अधूरी पड़ी हुई है। सड़क को पूरी तरह उखाड़कर उस पर गिट्टी डाल दी गई है, लेकिन अब तक डामरीकरण का कार्य शुरू नहीं होने से आमजन और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी अभाव-अभियोग प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव मनीष नायक ने आरोप लगाया कि सड़क निर्माण कार्य की धीमी गति और विभागीय उदासीनता के कारण क्षेत्र के हजारों ग्रामीणों का आवागमन प्रभावित हो रहा है। सड़क पर बिछी गिट्टी के कारण दोपहिया वाहन चालक आए दिन फिसलकर दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। कई लोग चोटिल हो चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग कोई ठोस कदम उठाता नजर नहीं आ रहा है।उन्होंने बताया कि सड़क पर नियमित पानी का छिड़काव भी नहीं किया जा रहा है, जिससे धूल-मिट्टी का गुबार उड़ रहा है। इससे राहगीरों के साथ-साथ आसपास के ग्रामीणों को भी परेशानी झेलनी पड़ रही है। धूल के कारण लोगों को सांस संबंधी समस्याओं का भी सामना करना पड़ रहा है।ग्रामीणों का कहना है कि छह माह का लंबा समय बीत जाने के बावजूद निर्माण कार्य पूरा नहीं होना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। सड़क की वर्तमान स्थिति के कारण वाहन चालकों को जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से जल्द से जल्द डामरीकरण कार्य पूरा कराने तथा सड़क को यातायात के लिए सुरक्षित बनाने की मांग की है।मनीष नायक ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही सड़क का डामरीकरण कार्य शुरू कर पूरा नहीं किया गया तो ग्रामीणों एवं आमजन के साथ मिलकर बड़े स्तर पर आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की दुर्घटना या जनहानि की पूरी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी।इस दौरान अभिषेक पाराशर, परमेश्वर जागेटिया, चेतन भाट, ओमप्रकाश वैष्णव, प्रदीप भाट, मिश्रीलाल रेगर, भेरू खटीक, राधेश्याम खटीक, रवि खटीक, देवीलाल बैरवा, दिलखुश तेली, किशन बावरी, शिव बलाई, विष्णु रेगर, पवन भाट, सागर बावरी, दीपक खंडेलवाल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।मुख्य मांगेंढिकोला से खायड़ा मार्ग का शीघ्र डामरीकरण कराया जाए।सड़क पर नियमित पानी का छिड़काव किया जाए।निर्माण कार्य की गुणवत्ता एवं प्रगति की निगरानी की जाए।दुर्घटनाओं को रोकने के लिए आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए जाएं।ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण कार्य में हो रही देरी अब जनता के धैर्य की परीक्षा बन चुकी है और जल्द समाधान नहीं होने पर आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation फुलिया कलां उपखंड के डोहरिया मार्ग पर प्रशासनिक लापरवाही बनी आमजन के लिए मुसीबत, तस्वारियाँ–डोहरिया पुलिया निर्माण के बाद भी सड़क पर कीचड़, ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी