24 News Update जयपुर। देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET UG 2026 आखिरकार पेपर लीक विवाद की भेंट चढ़ गई। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने 3 मई को आयोजित NEET 2026 परीक्षा को रद्द करने की घोषणा कर दी है। केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद लिया गया यह फैसला देशभर के लाखों छात्रों के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। अब परीक्षा की नई तारीखें जल्द जारी की जाएंगी।NTA ने स्पष्ट किया है कि री-एग्जाम के लिए छात्रों को दोबारा रजिस्ट्रेशन नहीं करना होगा। पुराने परीक्षा केंद्र ही मान्य रहेंगे, जबकि नए एडमिट कार्ड जारी किए जाएंगे। एजेंसी ने परीक्षा शुल्क वापस करने का भी ऐलान किया है। CBI करेगी पूरे नेटवर्क की जांचपेपर लीक मामले की जांच अब केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी CBI को सौंप दी गई है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि परीक्षा का पेपर छपने से पहले ही नकल गैंग तक पहुंच गया था। लीक हुए सवालों में बायोलॉजी के 90 और केमिस्ट्री के 35 सवाल शामिल बताए जा रहे हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार इस पूरे नेटवर्क के तार सीधे राजस्थान के जयपुर से जुड़े हैं। राजस्थान SOG ने जयपुर से मनीष नाम के एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है, जिसे इस पूरे रैकेट का मास्टरमाइंड माना जा रहा है। एजेंसियां उसके नेटवर्क और मनी ट्रेल की जांच में जुटी हैं। सीकर से फैला ‘क्वेश्चन बैंक’जांच में सामने आया है कि परीक्षा से दो दिन पहले ही सीकर में छात्रों तक एक हस्तलिखित ‘क्वेश्चन बैंक’ पहुंच चुका था। इसमें फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी के 300 से ज्यादा सवाल थे, जिनमें से करीब 150 सवाल हूबहू परीक्षा में आए।सूत्रों के मुताबिक, 720 अंकों की परीक्षा में लगभग 600 अंकों के सवाल पहले ही छात्रों तक पहुंच गए थे। यह क्वेश्चन बैंक कथित तौर पर केरल के एक मेडिकल कॉलेज में पढ़ रहे छात्र के जरिए राजस्थान पहुंचा। 10 मई को राजस्थान स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप यानी राजस्थान स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप ने देहरादून, सीकर और झुंझुनूं में कार्रवाई करते हुए 15 संदिग्धों को हिरासत में लिया। कई छात्रों ने पूछताछ में पैसे लेकर पेपर उपलब्ध कराने की बात स्वीकार की है। 2024 के बाद फिर विवादों में NTAयह पहला मौका नहीं है जब NTA सवालों के घेरे में आई हो। 2024 में भी NEET UG परीक्षा पेपर लीक के आरोपों के चलते विवादों में रही थी। उस समय बिहार और झारखंड में जांंच के बाद कई गिरफ्तारियां हुई थीं, हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने पूरी परीक्षा रद्द नहीं की थी।पिछले सात वर्षों में NTA पर गलत मार्किंग, फर्जी परीक्षार्थी, तकनीकी गड़बड़ी और रिजल्ट त्रुटियों जैसे कई गंभीर आरोप लग चुके हैं। NEET और JEE जैसी परीक्षाओं की पारदर्शिता पर लगातार सवाल उठते रहे हैं। अब देशभर के लाखों छात्र नई परीक्षा तिथियों और जांच के निष्कर्षों का इंतजार कर रहे हैं, जबकि शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता एक बार फिर कठघरे में खड़ी दिखाई दे रही है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation ऑपरेशन चक्रव्यूह: 2 नाबालिगों से दुष्कर्म का आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे; 15 हजार का इनामी 1 साल बाद गिरफ्तार उदयपुर-डूंगरपुर से दिल्ली तक राहत की पटरी, जयपुर होकर दौड़ेंगी असारवा स्पेशल ट्रेनें, ग्रीष्मावकाश में यात्रियों की भीड़ कम करने रेलवे का बड़ा फैसला, दक्षिण राजस्थान को मिला सीधा फायदा