24 News Update जयपुर। कहते हैं कि खाकी सिर्फ वर्दी नहीं, बल्कि भरोसे का नाम है। इस भरोसे को एक बार फिर सच कर दिखाया है जयपुर पुलिस के जवानों ने। दिल्ली से जयपुर आए एक युवक का कीमती बैग ऑटो में छूट गया था, जिसे पुलिस ने महज कुछ ही घंटों में ढूंढकर युवक को सुपुर्द कर दिया।दिल्ली से आया एक युवक सिंधी कैंप बस स्टैंड पर उतरा और वहाँ से कालवाड़ जाने के लिए ऑटो लिया। जल्दबाजी में युवक अपना बैग ऑटो में ही भूल गया। बैग में उसका कीमती सामान और ज़रूरी दस्तावेज़ थे। युवक ने घबराने के बजाय 112 (इमरजेंसी नंबर) पर कॉल कर मदद मांगी।कंट्रोल रूम से सूचना मिलते ही मौके पर तैनात जयपुर पुलिस के हेड कांस्टेबल गणेश लाल तुरंत हरकत में आए। गणेश लाल उस समय अपने गश्त पर थे, लेकिन सूचना मिलते ही वे युवक के पास पहुँचे। उन्होंने युवक द्वारा बताए गए ऑटो के हुलिए के आधार पर आस-पास के सभी ऑटो चालकों की सघन चेकिंग शुरू की।कुछ ही देर में पुलिस ने उस ऑटो को ढूंढ निकाला जिसमें बैग छूटा था। ऑटो चालक ने भी ईमानदारी दिखाते हुए बैग पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने युवक की मौजूदगी में बैग की जांच कराई और सारा सामान सुरक्षित पाकर उसे युवक को सौंप दिया।“ये तो हमारा फर्ज है…”बैग वापस मिलने पर युवक की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उसने भावुक होकर हेड कांस्टेबल गणेश लाल का शुक्रिया अदा किया और जयपुर पुलिस की जमकर तारीफ की। जब युवक ने उन्हें धन्यवाद कहा, तो गणेश लाल ने बड़ी ही विनम्रता से मुस्कुराते हुए कहा- “नहीं, ये तो हमारा काम है, इसमें थैंक यू कैसा”सोशल मीडिया पर सराहनाइस पूरी घटना का वीडियो अब चर्चा का विषय बना हुआ है। लोग जयपुर पुलिस की तत्परता और हेड कांस्टेबल गणेश लाल की सादगी की प्रशंसा कर रहे हैं। यह घटना याद दिलाती है कि पुलिस हर समय आम जनता की सुरक्षा और सहायता के लिए तत्पर है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation जोधपुर पुलिस की बड़ी कामयाबी: 5 करोड़ की साइबर ठगी का भंडाफोड़, 3 शातिर गिरफ्तार 50 वर्षों की हरित साधना का सम्मान: डॉ. एस.एल. हर्ष को 16वां परशुराम पर्यावरण पुरस्कार