24 NEWS UPDATE.— डॉ. एस.बी. नागर ने अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस में साझा किए निष्कर्ष, शहर में स्थायी परामर्श केंद्र खोलने की सिफारिश उदयपुर, 30 अक्टूबर। मानसिक स्वास्थ्य और जीवन की गुणवत्ता सुधारने में व्यक्तिगत परामर्श की भूमिका को लेकर राजस्थान विद्यापीठ विश्वविद्यालय के डॉ. सत्य भूषण नागर ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर उदयपुर के लोगों पर आधारित शोध प्रस्तुत किया। थाईलैंड के फुकेट में आयोजित 11वीं अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस में उन्होंने शोध निष्कर्ष साझा करते हुए आमजन को सुलभ मानसिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए शहर के विभिन्न क्षेत्रों में स्थायी परामर्श केंद्र स्थापित करने की जरूरत बताई। विश्वविद्यालय के संघटक फैकल्टी ऑफ रिहैबिलिटेशन साइंसेज के निदेशक और माणिक्य लाल वर्मा श्रमजीवी सांयकालीन महाविद्यालय के डीन डॉ. नागर ने अपने शोध में उदयपुर के विभिन्न क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के मानसिक स्वास्थ्य, खुशहाली और जीवन की गुणवत्ता पर व्यक्तिगत काउंसलिंग के प्रभाव का अध्ययन किया। मात्रात्मक विश्लेषण के आधार पर सामने आया कि व्यक्तिगत परामर्श से मानसिक स्वास्थ्य और जीवन की गुणवत्ता में सकारात्मक बदलाव लाने में मदद मिलती है। शोध के आधार पर उन्होंने सुझाव दिया कि शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में स्थायी परामर्श केंद्र स्थापित किए जाएं, ताकि लोगों को मानसिक स्वास्थ्य संबंधी सेवाओं के लिए दूर नहीं जाना पड़े और जरूरत के समय उन्हें सहज रूप से विशेषज्ञ मार्गदर्शन मिल सके। 150 से अधिक प्रतिभागियों ने साझा किए शोध अनुभवरिहैबिलिटेशन साइंसेज और मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में आयोजित यह तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन भारतीय पुनर्वास परिषद (आरसीआई), नई दिल्ली, भारत सरकार से अनुमोदित था। इसका आयोजन इंडियन एकेडमी ऑफ हेल्थ साइकोलॉजी ने किया। सम्मेलन में शोध पत्र प्रस्तुत करने पर डॉ. नागर को स्मृति चिह्न और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।उद्घाटन समारोह में स्वीडन की डॉ. लीना क्रिस्टिना तुलसे, फ्रांस की डॉ. जूली गैरलैंड, अमेरिकन साइकोलॉजिकल एसोसिएशन की अध्यक्ष डॉ. वेंडी एस. विलियम्स, डॉ. जोएनी हैंड्स और फ्रांस के डॉ. फ्रेंकोइस गैरलैंड सहित कई विशेषज्ञ मौजूद रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता इंडियन एकेडमी ऑफ हेल्थ साइकोलॉजी के अध्यक्ष डॉ. आनंद कुमार ने की। इस अवसर पर इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के पूर्व उपाध्यक्ष एवं सेक्रेटरी जनरल डॉ. अशोक राय, डॉ. क्रांति श्रीवास्तव और आयोजन सचिव डॉ. चीनू अग्रवाल सहित अन्य प्रतिनिधि उपस्थित रहे।सम्मेलन में जापान, फ्रांस, भूटान, भारत, स्वीडन और रूस सहित विभिन्न देशों के 150 से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े शोध एवं अनुभव साझा किए। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation उदयपुर में महिला से लूट! मारपीट कर कानों से सोने के टॉप्स तोड़े, 36 घंटे में आरोपी गिरफ्तार करवा चौथ पर चांद देखने आंगन में आई महिला पर लेपर्ड का हमला, पैर पर गड़ाए नाखून