‘ऑपरेशन विषनहस’ में एएनटीएफ की अंतरराष्ट्रीय कार्रवाई, छह साल से फरार सोहनलाल नेपाल में बैठकर चला रहा था राजस्थान का ड्रग नेटवर्क जयपुर, 10 अक्टूबर। गिरफ्तारी से बचने के लिए ठिकाने बदले, मोबाइल का इस्तेमाल सीमित किया और आखिरकार देश की सीमा पार कर नेपाल के काठमांडू में शरण ले ली। लेकिन राजस्थान पुलिस की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) से बचने की उसकी कोशिश भी नाकाम हो गई। छह साल से फरार 75 हजार रुपये के इनामी और पुलिस की टॉप-25 सूची में शामिल मादक पदार्थ तस्कर सोहनलाल उर्फ सोनू को एएनटीएफ ने भारत-नेपाल सीमा पर बिहार के रक्सौल में गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई के लिए पुलिस ने ‘ऑपरेशन विषनहस’ चलाया। गिरफ्तारी तक पहुंचने के लिए टीम ने नेपाल के काठमांडू स्थित पशुपतिनाथ मंदिर के बाहर माला बेचने वाले और तिलक लगाने वाले का हुलिया तक अपनाया। पुलिस के अनुसार, बालोतरा जिले के धोरीमन्ना थाना क्षेत्र के भारते की बेरी निवासी सोहनलाल नेपाल में बैठकर राजस्थान में सक्रिय अपने तस्करी नेटवर्क से संपर्क बनाए हुए था। एएनटीएफ ने उसके गुर्गों तक पहुंच बनाई और खुद को पंजाब का बड़ा मादक पदार्थ खरीदार बताकर भारी मात्रा में माल खरीदने की इच्छा जताई। जब तस्करों ने अपने आका से नेपाल में मुलाकात की शर्त रखी तो पुलिस को उस तक पहुंचने का रास्ता मिल गया। पशुपतिनाथ मंदिर के बाहर बिछाया जाल, भेष बदलकर रखी नजर एएनटीएफ महानिरीक्षक विकास कुमार के अनुसार, टीम को सूचना मिली कि सोहनलाल काठमांडू में रह रहा है और गिरफ्तारी से बचने के लिए पशुपतिनाथ मंदिर में नियमित दर्शन करने जाता है। इसके बाद टीम ने उसकी पहचान सुनिश्चित करने और उसे पकड़ने के लिए स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप रणनीति बनाई। पुलिसकर्मियों ने अपनी पहचान छिपाने के लिए अलग-अलग भूमिका निभाई। एक अधिकारी मंदिर के प्रवेश मार्ग पर माला बेचने वाले के रूप में बैठा, जबकि दूसरा चंदन का तिलक लगाने वाले श्रद्धालु-सेवक की तरह मौजूद रहा। टीम के अन्य सदस्य आम श्रद्धालुओं के बीच निगरानी करते रहे। इसी दौरान संदिग्ध का हुलिया मिलने पर उसकी पहचान की गई। इसके बाद आरोपी को बड़ी रकम के सौदे की उम्मीद में टीम के साथ नेपाल से भारत-नेपाल सीमा की ओर लाया गया। जैसे ही वह बिहार के रक्सौल पहुंचकर भारतीय सीमा में आया, एएनटीएफ ने उसे पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी 10 अक्टूबर को नेपाल छोड़कर भूटान जाने की तैयारी में था, लेकिन इससे पहले ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया। अवैध शराब से शुरू हुआ सफर, फिर अफीम और डोडा चूरा की तस्करी पुलिस के मुताबिक, 32 वर्षीय सोहनलाल ने 12वीं तक पढ़ाई की थी। वर्ष 2016 में उसने अवैध शराब की तस्करी शुरू की। इस सिलसिले में बालोतरा क्षेत्र में उसके खिलाफ आबकारी अधिनियम के दो मामले दर्ज हुए। पुलिस ने उसे गिरफ्तार भी किया और वह करीब एक महीने न्यायिक अभिरक्षा में रहा। जेल से बाहर आने के बाद उसने शराब की तस्करी छोड़कर अफीम और डोडा चूरा के कारोबार में कदम रखा। शुरुआत में दूसरे तस्करों के साथ काम करने के बाद उसने अपना नेटवर्क तैयार कर लिया। पुलिस का दावा है कि वह मध्यप्रदेश के नीमच और राजस्थान के चित्तौड़गढ़, उदयपुर तथा भीलवाड़ा से मादक पदार्थ जुटाता था। इसके बाद अपने संपर्कों के जरिए खेप मारवाड़ और पंजाब के तस्करों तक पहुंचाता था। एक मामले ने बदली जिंदगी, देशभर में बदलता रहा ठिकाना वर्ष 2020 में जालौर जिले के चितलवाना थाना क्षेत्र में दर्ज एनडीपीएस प्रकरण में नाम आने के बाद सोहनलाल फरार हो गया। गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने राजस्थान छोड़ दिया और मुंबई, पुणे, अहमदाबाद, गोवा, दिल्ली, चंडीगढ़ तथा आंध्रप्रदेश समेत कई स्थानों पर ठिकाने बदले। पुलिस के अनुसार, उसने अपनी गतिविधियों को छिपाने के लिए मोबाइल फोन का इस्तेमाल भी सीमित कर दिया था। वर्ष 2025 में राजस्थान पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ कार्रवाई के लिए एएनटीएफ का गठन किया। इसके बाद फरार तस्करों की तलाश तेज हुई तो सोहनलाल अक्टूबर 2025 में नेपाल चला गया और काठमांडू में रहने लगा। पुलिस का आरोप है कि देश से बाहर रहने के बावजूद वह राजस्थान में अपने साथियों के संपर्क में था और तस्करी का नेटवर्क संचालित कर रहा था। 102 फरार इनामी अपराधियों की गिरफ्तारी के बाद 103वां मामला एएनटीएफ महानिरीक्षक विकास कुमार ने बताया कि महानिदेशक पुलिस राजीव कुमार शर्मा और अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस दिनेश एमएन के मार्गदर्शन में फरार मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। सोहनलाल की गिरफ्तारी से पहले एएनटीएफ देश के 12 राज्यों से 102 फरार इनामी अपराधियों को पकड़ चुकी थी। उसकी गिरफ्तारी के साथ यह संख्या 103 हो गई है। एएनटीएफ के अनुसार, नेपाल से जुड़े इस मामले में की गई कार्रवाई उसकी पहली अंतरराष्ट्रीय फरार इनामी अपराधी गिरफ्तारी है। अभियान में शामिल पुलिस टीमों को एएनटीएफ मुख्यालय में आयोजित विशेष कार्यक्रम में सम्मानित किया जाएगा। आरोपी सोहनलाल उर्फ सोनू पुत्र भागीरथ राम, निवासी भारते की बेरी, थाना धोरीमन्ना, जिला बालोतरा को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए संबंधित प्रक्रिया के तहत लिया गया है। तस्करी की सूचना देने के लिए एएनटीएफ ने जारी किए नंबर एएनटीएफ ने आमजन से मादक पदार्थों की तस्करी और अपराधियों से जुड़ी जानकारी पुलिस तक पहुंचाने की अपील की है। सूचना एएनटीएफ नियंत्रण कक्ष के फोन नंबर 0141-2502877 अथवा व्हाट्सऐप नंबर 9261225056 पर दी जा सकती है। पुलिस के अनुसार, सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान गोपनीय रखी जाएगी। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. 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