24 News Update उदयपुर, 7 सितम्बर। राजस्थान में नगरीय निकाय चुनाव के पहले चरण के मतदान की तैयारियां जहां अंतिम दौर में हैं, वहीं मतदान से ठीक दो दिन पहले ग्रामीण उपभोक्ताओं को रसोई गैस के मोर्चे पर बड़ी राहत मिली है। केंद्र सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में LPG सिलेंडर की अगली रिफिल बुकिंग के लिए लागू 45 दिन का अंतराल खत्म कर दिया है। अब ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के उपभोक्ता 25 दिन के अंतराल पर अगला घरेलू सिलेंडर बुक करा सकेंगे। यह व्यवस्था 7 सितम्बर से तत्काल प्रभाव से लागू करने के निर्देश दिए गए हैं।खास बात यह है कि यह फैसला ऐसे समय आया है, जब उदयपुर जिले में नगरीय निकाय चुनाव का पहला चरण शुरू होने जा रहा है। जिले की भीण्डर, वल्लभनगर और फतहनगर-सनवाड़ नगरपालिकाओं में 9 सितम्बर को मतदान होना है। 8 सितम्बर को मतदान दलों का अंतिम प्रशिक्षण और रवानगी होगी। ऐसे में चुनावी तैयारियों के बीच ग्रामीण इलाकों के बड़ी संख्या में घरेलू LPG उपभोक्ताओं के लिए 45 दिन के इंतजार से मुक्ति की खबर राहत लेकर आई है। मार्च में बढ़ाया गया था अंतरालLPG आपूर्ति पर दबाव के बीच केंद्र सरकार ने मार्च में ग्रामीण उपभोक्ताओं के लिए रिफिल बुकिंग का अंतराल 25 दिन से बढ़ाकर 45 दिन कर दिया था। 12 मार्च को पेट्रोलियम मंत्रालय की ओर से ग्रामीण क्षेत्रों के लिए 45 दिन का बुकिंग चक्र लागू किए जाने की जानकारी सामने आई थी। उस समय पश्चिम एशिया में बने संकट और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के कारण घरेलू LPG आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका के बीच मांग को नियंत्रित करने के लिए यह कदम उठाया गया था। मार्च के अंत में केंद्र ने भी स्पष्ट किया था कि ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन और शहरी क्षेत्रों में 25 दिन का अंतराल जारी है। अब हालात सुधरे तो नियम भी बदलाकेंद्र सरकार के मुताबिक LPG आपूर्ति की स्थिति में सुधार और रिफिल बुकिंग के बैकलॉग में पर्याप्त कमी आने के बाद व्यवस्था की समीक्षा की गई। इसके बाद अब ग्रामीण और शहरी उपभोक्ताओं के बीच बुकिंग अंतराल का फर्क खत्म कर दिया गया है। पेट्रोलियम मंत्रालय ने तेल विपणन कंपनियों को 25 दिन का समान अंतराल तत्काल लागू करने के निर्देश दिए हैं। चुनावी मैदान में ग्रामीण उपभोक्ताओं को मिली खबरउदयपुर जिले के पहले चरण में शामिल भीण्डर, वल्लभनगर और फतहनगर-सनवाड़ क्षेत्रों में ग्रामीण आबादी की बड़ी हिस्सेदारी है। ऐसे में मतदान से ठीक पहले आया यह फैसला घरेलू उपभोक्ताओं के लिए सीधे उपयोगी है। चुनावी तैयारियों के बीच ग्रामीण परिवारों तक पहुंची यह राहत निश्चित तौर पर चर्चा का विषय बन सकती है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation श्वेताम्बर जैन समाज का आठ दिवसीय पर्युषण महापर्व कल से नीट अभ्यर्थियों को विशेषज्ञों का मार्गदर्शन, मेडिकल प्रवेश की राह हुई आसान