24 News Update उदयपुर। सीआईएल इंटरनेशनल स्कूल ऑफ चेस के तत्वावधान में सेक्टर-4 स्थित सेंट एंथोनी स्कूल में आयोजित इस प्रतियोगिता में लेकसिटी उदयपुर के 140 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लेकर शतरंज की बिसात पर अपनी समझ और तैयारी का इम्तिहान दिया। प्रतियोगिता को तीन वर्गों—ग्रुप A, ग्रुप B और ग्रुप C—में विभाजित किया गया, ताकि नन्हे खिलाड़ियों से लेकर सीनियर वर्ग तक सभी को बराबर का मंच मिल सके।प्रतियोगिता की सबसे बड़ी पहचान बने ओवरऑल चैंपियन—ग्रुप A में आयंश दलाल, ग्रुप B में भव्यांश मुकेश शर्मा और ग्रुप C में चार्वी माहेश्वरी। इन तीनों ने न सिर्फ अपने-अपने वर्ग में निरंतरता दिखाई, बल्कि दबाव में सही चाल चलने का हुनर भी साबित किया। तीनों विजेताओं को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया।पुरस्कार और प्रतिस्पर्धा का स्तरप्रतियोगिता में कुल ₹61,000 की नकद राशि के साथ 144 पुरस्कार प्रदान किए गए—जो अपने आप में आयोजन की गंभीरता और स्तर को रेखांकित करता है। अंडर-5 से लेकर सीनियर वर्ग तक मुकाबले इतने कड़े रहे कि कई बाज़ियों का फैसला अंतिम चालों में जाकर हुआ।ग्रुप A में अंडर-5 और अंडर-7 वर्ग में नन्हे खिलाड़ियों ने जिस आत्मविश्वास से खेल दिखाया, उसने दर्शकों को चौंकाया। वहीं अंडर-9 वर्ग में आयंश दलाल ने अपने ओवरऑल खिताब को मजबूती से सही ठहराया।ग्रुप B में अंडर-11 और अंडर-13 वर्ग में भव्यांश मुकेश शर्मा का प्रदर्शन सबसे संतुलित और परिपक्व नजर आया।ग्रुप C में अंडर-15 से सीनियर वर्ग तक मुकाबले अनुभव और रणनीति की असली परीक्षा बने, जहां चार्वी माहेश्वरी ने अंडर-15 गर्ल्स वर्ग में शीर्ष स्थान हासिल कर ओवरऑल चैंपियन का खिताब अपने नाम किया।सम्मान और सहभागितासमापन समारोह में रोहन पांचाल, निलेश कुमावत, कपिल साहू, हीना साहू, ललित जी, सिद्धार्थ जैन और नंदन कुमावत सहित अनेक अतिथियों ने विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए। तीसरे से दसवें स्थान तक आने वाले सभी खिलाड़ियों को ट्रॉफियाँ दी गईं, जबकि हर प्रतिभागी को मेडल देकर प्रोत्साहित किया गया—यह संदेश साफ था कि यहां सिर्फ जीत नहीं, प्रयास का भी सम्मान है।संगठन और संदेशचेस इन लेकसिटी के मुख्य संरक्षक तुषार मेहता, राजस्थान राज्य शतरंज संघ के उपाध्यक्ष राजेंद्र तेली, अध्यक्ष राजीव भारद्वाज और आयोजन सचिव व प्रशिक्षक विकास साहू सहित शतरंज से जुड़े पदाधिकारियों ने खिलाड़ियों को शुभकामनाएँ दीं और ऐसे आयोजनों को भविष्य की बौद्धिक पूंजी बताया। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation ये लड़ाई सिर्फ सत्ता के अहंकार के खिलाफ़ नहीं है, बल्कि गरीब और मज़दूर के हक़ की रक्षा का संकल्प है – रघुवीर सिंह मीणा उदयपुर में एक साथ 743 ठिकानों पर पुलिस की दबिश, 48 घंटे में 621 बदमाश गिरफ्तार