24 News Update उदयपुर, 12 अगस्त। नगर निगम की ई-पब्लिक लाइब्रेरी, अशोक नगर में बुधवार को राष्ट्रीय पुस्तकालयाध्यक्ष दिवस के अवसर पर पुस्तकालय विज्ञान के जनक पद्मश्री डॉ. एस.आर. रंगनाथन की जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई।पुस्तकालयाध्यक्ष राव भगवत सिंह ने डॉ. रंगनाथन की हस्तनिर्मित तस्वीर के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर माल्यार्पण किया। इस दौरान उन्होंने पुस्तकालय में उपलब्ध आधुनिक सुविधाओं और डिजिटल व्यवस्थाओं की जानकारी सदस्यों को दी। राव भगवत सिंह ने बताया कि अध्ययन कक्ष में एसी की सुविधा उपलब्ध है। ई-बुक्स के अध्ययन के लिए 300 एमबीपीएस इंटरनेट, छह कंप्यूटर और 12 केवी इन्वर्टर की व्यवस्था है। सदस्यों के लिए वाटर कूलर, प्यूरीफायर और यूवी सिस्टम से युक्त शीतल पेयजल की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। उन्होंने ई-लाइब्रेरी और आरएफआईडी सिस्टम की कार्यप्रणाली समझाते हुए बताया कि लाइब्रेरी में वर्तमान में 552 सदस्य हैं। सदस्यों को ई-सदस्यता कार्ड दिए जा रहे हैं। लाइब्रेरी में प्रवेश और निकास के दौरान सदस्यों तथा कर्मचारियों को डिजिटल अटेंडेंस रीडर पर कार्ड टैप करना अनिवार्य है। पुस्तक जारी करने और वापस करने की प्रक्रिया भी डिजिटल की गई है। इसके लिए ई-सदस्यता कार्ड और संबंधित पुस्तक को सेल्फ चेक-इन एवं चेक-आउट कियोस्क पर रखना होता है।राव ने बताया कि स्थानीय निकाय निदेशालय की ओर से नगर निगम उदयपुर को दो ई-पब्लिक लाइब्रेरी आवंटित की गई हैं। इनके संचालन के लिए निर्माण शाखा द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि अशोक नगर लाइब्रेरी के मुख्य द्वार पर हाईटेक सेंसर गेट और 15 केवी का सिस्टम भी जल्द स्थापित किया जाएगा। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation सीने के आर-पार हुआ तीर, दिल में फंसा; 4 घंटे की सर्जरी कर बचाई आदिवासी छात्र की जान, चार यूनिट ब्लड चढ़ाया 24 अगस्त को पांचों कृषि विश्वविद्यालयों के पेंशनर जयपुर में देंगे धरना-प्रदर्शन, पेंशन की स्थायी वित्तीय जिम्मेदारी राज्य सरकार लेने और ट्रेजरी से सीधे भुगतान की मांग