उदयपुर, 17 अक्टूबर। विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य और भावनात्मक कल्याण को बढ़ावा देने के लिए मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय ने स्नोफ्लेक्स काउंसलिंग प्राइवेट लिमिटेड के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) किया है। विश्वविद्यालय के संस्थागत गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ (आईक्यूएसी) की इस पहल के तहत विद्यार्थियों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर निःशुल्क एवं गोपनीय मानसिक स्वास्थ्य आकलन की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही तनाव प्रबंधन, भावनात्मक कल्याण और मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता से जुड़ी गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी। कुलगुरु प्रो. कैलाश डागा ने कहा कि सोशल मीडिया और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते इस्तेमाल का विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। ऐसे में यह पहल विद्यार्थियों को प्रशिक्षित और योग्य मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों तक पहुंच उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। उन्होंने कहा कि पेशेवर परामर्श सेवाओं और तकनीक आधारित संसाधनों के समन्वय से विद्यार्थियों को भावनात्मक चुनौतियों से निपटने, मानसिक दृढ़ता विकसित करने और समग्र कल्याण बेहतर बनाने में सहायता मिलेगी। आईक्यूएसी निदेशक प्रो. शूरवीर सिंह भाणावत ने बताया कि साझेदारी का उद्देश्य विद्यार्थियों को पेशेवर परामर्श, डिजिटल वेलबीइंग संसाधन और व्यवस्थित मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच उपलब्ध कराना है। इससे विश्वविद्यालय परिसर में सहयोगपूर्ण और समावेशी वातावरण विकसित करने में मदद मिलेगी। कुलसचिव डॉ. वी.सी. गर्ग ने कहा कि विद्यार्थियों की सफलता केवल शैक्षणिक उपलब्धियों से तय नहीं होती। भावनात्मक स्वास्थ्य, मानसिक दृढ़ता, स्वस्थ पारस्परिक संबंध और अपनत्व की भावना भी उनके समग्र विकास के लिए समान रूप से जरूरी हैं। मनोविज्ञान विभाग के हेड इंचार्ज डॉ. तरुण शर्मा ने कहा कि परिसर में ऐसा माहौल बनाना आवश्यक है, जहां मानसिक स्वास्थ्य पर संवेदनशीलता के साथ चर्चा हो और हर विद्यार्थी को अपनी क्षमताओं के विकास का अवसर मिले। निःशुल्क आकलन के साथ होंगे जागरूकता कार्यक्रम एमओयू के तहत स्नोफ्लेक्स काउंसलिंग का डिजिटल प्लेटफॉर्म विश्वविद्यालय के सभी विद्यार्थियों को निःशुल्क और गोपनीय मानसिक स्वास्थ्य आकलन की सुविधा देगा। इसके आधार पर आईक्यूएसी को गोपनीय रिपोर्ट सौंपी जाएगी, जिससे विद्यार्थियों के मानसिक कल्याण के लिए आवश्यक कदम उठाने में मदद मिलेगी। इसके अतिरिक्त, दोनों पक्षों की सहमति से मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता, तनाव प्रबंधन और भावनात्मक कल्याण पर सेमिनार, कार्यशालाएं तथा अन्य गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। स्नोफ्लेक्स काउंसलिंग प्राइवेट लिमिटेड की संस्थापक महिमा पालीवाल ने कहा कि विद्यार्थी जीवन में शैक्षणिक दबाव, करियर को लेकर अनिश्चितता, पारस्परिक संबंधों की चुनौतियां और भावनात्मक समायोजन जैसी समस्याएं सामने आती हैं। ऐसे में सुलभ और पेशेवर मानसिक स्वास्थ्य सहायता की उपलब्धता बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा में मानसिक स्वास्थ्य सहायता केवल जागरूकता अभियानों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। विद्यार्थियों को भरोसा होना चाहिए कि जरूरत पड़ने पर उन्हें पेशेवर मदद आसानी से मिल सकेगी। उन्होंने बताया कि स्नोफ्लेक्स काउंसलिंग और एम्ब्रिन के माध्यम से शैक्षणिक संस्थानों में ऐसा वातावरण विकसित करने का प्रयास है, जहां मानसिक स्वास्थ्य सहायता लेना सामान्य और सहज हो। उन्होंने यह भी कहा कि परामर्श सेवाएं पेशेवर नैतिक मानकों, गोपनीयता संबंधी आवश्यकताओं और सुरक्षा प्रक्रियाओं के अनुरूप संचालित की जाएंगी। कार्यक्रम में परीक्षा नियंत्रक डॉ. मुकेश बार्बर, भौतिक विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. घनश्याम पुरोहित, महेश सोनी और स्नोफ्लेक्स काउंसलिंग की संस्थापक महिमा पालीवाल उपस्थित रहे। महिमा पालीवाल ने इस पहल के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन का आभार व्यक्त किया। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation मुख्य मार्ग पर अतिक्रमण पर निगम की कार्रवाई, शोभागपुरा में मिठाई दुकान और मोबाइल शोरूम के बाहर से हटाए टेंट भीलवाड़ा में HDFC बैंक के सेल्स एग्जीक्यूटिव की मौत, सुसाइड नोट में काम के दबाव का आरोप; अगले महीने होनी थी शादी