उदयपुर, 21 अक्टूबर। झीलों की नगरी उदयपुर की सुंदरता पर दाग लगा रहे सड़कों के ऊपर झूलते केबल तारों को हटाने के लिए नगर निगम ने अब सख्त रुख अपना लिया है। केबल ऑपरेटरों को दीपावली तक का अंतिम अवसर देते हुए निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने तार भूमिगत कर लें। तय समयसीमा में निर्देशों की पालना नहीं होने पर दीपावली के अगले दिन से नगर निगम बिना किसी अतिरिक्त नोटिस या सूचना के कार्रवाई शुरू करेगा। इस दौरान केबल काटने या हटाने से संबंधित ऑपरेटर को होने वाले नुकसान की जिम्मेदारी भी उसी की होगी। शहर को व्यवस्थित और आकर्षक बनाने के उद्देश्य से बुधवार को नगर निगम के मिनी बैठक हॉल में महापौर पारस सिंघवी और आयुक्त अभिषेक खन्ना ने केबल ऑपरेटरों के साथ बैठक की। इसमें निगम के अधिशासी अभियंता रितेश पटीदार, पुलिस निरीक्षक मांगीलाल डांगी सहित संबंधित अधिकारी और प्रमुख केबल ऑपरेटर मौजूद रहे। स्मार्ट सिटी के 17 वार्डों में बनी भूमिगत डक्ट का करें उपयोग आयुक्त अभिषेक खन्ना ने स्पष्ट किया कि पुराने शहर सहित स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत विकसित 17 वार्डों में भूमिगत डक्ट बनाई गई हैं। ऐसे क्षेत्रों में सभी केबल ऑपरेटर अपने तार इन्हीं डक्ट के माध्यम से भूमिगत करें। सड़कों, बाजारों और प्रमुख मार्गों पर तारों का जाल शहर की छवि को प्रभावित कर रहा है। इसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आयुक्त ने बताया कि केबल ऑपरेटरों को पिछले तीन वर्षों से नोटिस देकर तार भूमिगत करने के लिए कहा जा रहा है, लेकिन अपेक्षित परिणाम सामने नहीं आए। अब दीपावली तक की समयसीमा अंतिम अवसर है। इसके बाद निगम की कार्रवाई में किसी तरह की ढिलाई नहीं बरती जाएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुरूप शहर की सुंदरता बिगाड़ने वाली अव्यवस्थाओं को दूर किया जाएगा। बीएसएनएल और अन्य टेलीफोन कंपनियों के अनुपयोगी पोल हटाने के संबंध में भी पहले ही बैठक कर निर्देश दिए जा चुके हैं। पोल हटाए जाने पर उनसे जुड़े केबल तारों पर भी असर पड़ेगा। इसलिए संबंधित कंपनियों और ऑपरेटरों को अपनी व्यवस्था समय रहते दुरुस्त करनी होगी। महापौर बोले—नुकसान पहुंचाना नहीं, शहर को सुंदर बनाना उद्देश्य महापौर पारस सिंघवी ने कहा कि नगर निगम की मंशा किसी केबल ऑपरेटर या व्यापारी को नुकसान पहुंचाने की नहीं है। उद्देश्य यह है कि उदयपुर स्वच्छ, सुंदर और सुव्यवस्थित दिखाई दे। शहर के प्रमुख मार्गों पर लटकते तार पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों के बीच गलत छवि पेश करते हैं, जबकि इसकी शिकायतों और उलाहनों का सामना नगर निगम को करना पड़ता है। उन्होंने अनुपयोगी केबल तारों को भी तत्काल हटाने की जरूरत बताई। महापौर ने कहा कि कई तार लंबे समय से इस्तेमाल में नहीं हैं, फिर भी उन्हें हटाया नहीं गया है। ऐसी स्थिति न केवल शहर की सुंदरता खराब करती है, बल्कि व्यवस्था को भी अव्यवस्थित बनाती है। जिन क्षेत्रों में भूमिगत डक्ट या पाइपलाइन उपलब्ध नहीं हैं, वहां केबल ऑपरेटरों को समस्या लिखित रूप में निगम को देने के लिए कहा गया है, ताकि समाधान तलाशा जा सके। महापौर ने स्पष्ट किया कि केवल केबल ऑपरेटर ही नहीं, बल्कि निजी टेलीफोन कंपनियों और अन्य संबंधित एजेंसियों को भी व्यवस्था सुधारने के लिए पाबंद किया गया है। कार्रवाई से पहले दिया अंतिम मौका नगर निगम ने शहर में लटकते केबल तारों के खिलाफ कार्रवाई शुरू करने की तैयारी कर ली थी। इसकी जानकारी मिलने पर महापौर पारस सिंघवी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्रवाई से पहले केबल ऑपरेटरों के साथ एक अंतिम बैठक कर उन्हें सुधार का अवसर दिया जाए। इसी के तहत आयुक्त अभिषेक खन्ना ने बैठक आयोजित कर समयसीमा और कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट की। महापौर ने ऑपरेटरों से दीपावली तक काम पूरा कर नगर निगम को सहयोग देने की अपील की। उन्होंने कहा कि शहर को बेहतर बनाने के लिए सभी पक्षों को टीम भावना से काम करना होगा। इसी उद्देश्य से निगम व्यापारियों, होटल संचालकों और अन्य संबंधित पक्षों के साथ भी बैठकें कर रहा है, ताकि सामूहिक प्रयासों से उदयपुर को अधिक सुंदर, स्वच्छ और व्यवस्थित बनाया जा सके। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation उदयपुर नगर निगम के दीपावली मेले में स्थानीय प्रतिभाओं का जलवा, 150 से अधिक आवेदन; 62 कलाकार चयनित बिना बजट स्कूलों को सजाने का फरमान, खर्च उठाएगा कौन? दीपावली से पहले सफाई, मरम्मत और लाइटिंग के आदेश