24 News Update उदयपुर। उदयपुर विकास प्राधिकरण एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गया है। प्राधिकरण का एक ही मूल मंत्र लगता है कि पहले जमकर अतिक्रमण होने दो, आंख मूंद लो। उसके बाद दल बल के साथ बरसों बाद निकलो और जनता का पैसा फूंकते हुए अतिक्रमण हटाओ, वाहवाही लूट लो। जबकि प्राधिकरण के अफसरों का काम ही अतिक्रमण नहीं होने देना है। उनको तनख्वाह ही इसी बात की मिलती है कि कहीं अतिक्रमण हो रहा हो तो तत्काल नजर रखो, नोटिस दो, तुरंत हटवाओ मगर यहां पर यूडीए में फैले भारी भ्रष्टाचार के चलते अफसर नींद में रहते हैं। या फिर जमीन माफिया के आभामंडल में खोए रहते हैं। कहां अतिक्रमण हो रहा है कब हटाना है जो नहीं हटा रहे हैं उनको चार्जशीट देकर तत्काल नौकरी से चलता करना है आदि मूलभूत काम भी उनसे नहीं होते। इसका नतीजा यह होता है कि अतिक्रमण हटाने की नौटंकी होती है। दूसरी तरफ नेता नगरी भी दबाव बनाते हुए अतिक्रमण करवाती है और हटते हैं तब प्रभावशाली लोगों पर कोई कार्रवाई नहीं होती। शहर में ऐसे कई इलाके हैं जो इसकी जीती जागती मिसाल है। मंगलवार को शहर की माली कॉलोनी से हिरणमगरी को जोड़ने वाली 100 फीट रोड पर बड़े स्तर पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई वो भी भी जनता के पैसे बर्बाद करके। इस दौरान सड़क सीमा में बने रेंप, पक्के निर्माण, अस्थायी ढांचे और होर्डिंग्स को बुलडोजर से हटाया गया। ये केसे बन गए किसके कार्यकाल में बन गए यह सवाल बड़ा है जांच का विषय है व उन अफसरों व कर्मचारियों को तत्काल चार्जशीट देकर उनसे वसूली होनी चाहिए जिनके कारण अतिक्रमण हुए।यूडीए की टीम सुबह करीब 10 बजे भारी पुलिस जाब्ते और मशीनरी के साथ मौके पर पहुंची। कार्रवाई की शुरुआत नारायण सेवा संस्थान के वर्ल्ड ऑफ ह्यूमैनिटी केंद्र के सामने से की गई। अधिकारियों ने पहले सड़क के डिवाइडर से दोनों ओर 50-50 फीट की सीमा का मापन कराया, जिसके बाद निर्धारित सीमा के भीतर आने वाले अतिक्रमणों को हटाने की प्रक्रिया शुरू हुई। सड़क किनारे बने रेंप, दुकानों के आगे किए गए पक्के विस्तार और नालों पर किए गए निर्माण निशाने पर लिए गए। कई स्थानों पर लोगों ने सड़क सीमा तक सीमेंटेड प्लेटफॉर्म और अस्थायी शेड बना रखे थे, जिन्हें मौके पर ही ध्वस्त किया गया। सड़क किनारे लगे बड़े होर्डिंग्स और अवैध बोर्ड भी हटाए गए। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि अफसरों व नेताओं की शह पर अतिक्रण करने वालों के हौसले इतने बुलंद हो गए कि उन्होंने कच्चे निर्माणों को पक्का कर दिया व उनको विश्वास था कि हमारा तो कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता। हमारा दावा है कि आज से साल दो साल बाद भी यही खबर पढने को मिलेगी कि इसी जगह पर अतिक्रमण हटाए गए। सिस्टम बदलेगा इसमें पूरा संशय है।यूडीए की टीम ने चंद्रशेखर आजाद मार्ग, वाकल माता मार्ग होते हुए हिरणमगरी मुख्य मार्ग तक कार्रवाई की। इसके बाद दूसरी लेन में स्वागत वाटिका क्षेत्र से अभियान आगे बढ़ाया गया, जहां वाटिका के मुख्य गेट के बाहर बने रेंप और अन्य निर्माण हटाए गए।अभियान के दौरान कई व्यापारियों और मकान मालिकों ने प्रशासन की कार्रवाई को देखते हुए स्वयं ही अपने अस्थायी अतिक्रमण हटाने शुरू कर दिए। यूडीए आयुक्त अभिषेक खन्ना ने कहा कि शहर की प्रमुख सड़कों को अतिक्रमण मुक्त बनाए रखने के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने आमजन से सड़क सीमा और नालों पर किसी प्रकार का निर्माण नहीं करने की अपील की। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation एचिंग एवं सेरीग्राफी कार्यशाला का शुभारंभ युवक से मारपीट का मामला दर्ज, दो आरोपियों के खिलाफ केस