24 News Udpate उदयपुर, 7 अगस्त। उदयपुर में पीएनजी के जो ढोल पीटे जा रहे हैं आज उसकी हकीकत सामने आ गई, पूत के पांव पालने में दिख गए। अस्सी साल की बुजुर्ग के घर 4 घंटे गैस बंद रही और कस्टमर केयर ने 12 मिनट का रिकोर्डेड संदेश सुना कर घोर कष्ट दिया। इससे यह साबित हो गया कि पूरे मैकेनिजम में बहुत सारे छेद हैं जिनसे गैस निकल रही है। समय पर ठीक नहीं किया गया तो जन भावनाओं का विस्फोट हो सकता है।शहर के न्यू भूपालपुरा क्षेत्र में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) आपूर्ति को लेकर एक उपभोक्ता ने अडानी टोटल गैस लिमिटेड की आपातकालीन सेवा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं। खारा कुंआं-पन्ना विहार कॉलोनी निवासी 80 वर्षीय कलावती पत्नी शांतिलाल मेहता ने इस संबंध में प्रधानमंत्री को पत्र भेजकर कंपनी की आपातकालीन सेवाओं, कस्टमर केयर व्यवस्था और स्थानीय स्तर पर अधिकारियों की अनुपलब्धता की शिकायत की है। शिकायत के अनुसार उनके घर में करीब चार घंटे तक गैस आपूर्ति बंद रही। उनका कहना है कि इससे पहले भी ऐसी स्थिति सामने आ चुकी है। इस बार समस्या की जानकारी देने के लिए उन्होंने कंपनी के कस्टमर केयर नंबर पर संपर्क किया, लेकिन शिकायतकर्ता के मुताबिक करीब 12 मिनट तक उन्हें केवल रिकॉर्डेड संदेश सुनाई देता रहा और किसी अधिकारी से संपर्क नहीं हो सका। आपात स्थिति में कौन संभालेगा जिम्मेदारी?शिकायतकर्ता ने पत्र में सबसे गंभीर चिंता गैस रिसाव, आग या विस्फोट जैसी आपात स्थिति को लेकर जताई है। उनका कहना है कि यदि ऐसी स्थिति में उपभोक्ता को तत्काल सहायता की जरूरत हो और उसे कई मिनट तक रिकॉर्डेड संदेश सुनना पड़े तो यह गंभीर सुरक्षा जोखिम बन सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब उन्होंने उदयपुर में कंपनी के स्थानीय कार्यालय, वरिष्ठ अधिकारियों के संपर्क नंबर और ई-मेल की जानकारी मांगी तो उन्हें बताया गया कि उदयपुर में कंपनी का कोई स्थानीय कार्यालय उपलब्ध नहीं है। साथ ही वरिष्ठ अधिकारियों के मोबाइल नंबर या संपर्क विवरण भी उपलब्ध नहीं कराए गए। प्रधानमंत्री से की कई मांगेंशिकायतकर्ता ने प्रधानमंत्री से अडानी टोटल गैस की आपातकालीन सेवा व्यवस्था की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। इसके साथ ही प्रत्येक शहर में 24 घंटे कार्यरत स्थानीय कार्यालय और जिम्मेदार अधिकारी की व्यवस्था, आपातकालीन कॉल के लिए अधिकतम रिस्पॉन्स टाइम तय करने तथा उपभोक्ताओं को स्थानीय अधिकारियों के संपर्क विवरण और आधिकारिक ई-मेल उपलब्ध कराने की मांग की है। पत्र में सेवा में लापरवाही पाए जाने पर उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 सहित अन्य लागू कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की मांग भी की गई है। शिकायतकर्ता ने कहा कि गैस जैसी संवेदनशील सेवा में छोटी-सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है, इसलिए मामले को केवल व्यक्तिगत शिकायत के बजाय जनसुरक्षा से जुड़े मुद्दे के रूप में देखा जाना चाहिए। कई विभागों को भेजी प्रतिलिपिशिकायत की प्रतिलिपि केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के सचिव, उपभोक्ता मामले विभाग, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस नियामक बोर्ड (PNGRB), जिला कलेक्टर उदयपुर और अडानी टोटल गैस लिमिटेड के प्रबंध निदेशक को भी भेजी गई है। शिकायतकर्ता ने कंपनी की आपातकालीन व्यवस्था की जांच कर ऐसी मानक व्यवस्था लागू करने की मांग की है, जिससे किसी भी उपभोक्ता को आपात स्थिति में केवल रिकॉर्डेड संदेश के भरोसे नहीं रहना पड़े। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation शनिवार से आयोजित होगा दो दिवसीय शास्त्रीय संगीत एवं नृत्य समारोह “मल्हार” ब्रिक्स सम्मेलन के सदस्य देशों का प्रतिनिधि मंडल पहुँचा लेकसिटी, एयरपोर्ट पर हुआ स्वागत