24 News Update राजसमंद। जनता में रिश्वतखोरों की बेइज्जती होना जब से बंद हो गई है, तब से सरकारी कर्मचारियों का एक वर्ग रिश्वत को दस्तूर समझने लगा है। खास बात है कि वह भारतीय मुद्रा को चाहे वह छोटी हो या बड़ी, बराबर इज्जत देता है। कुछ लोग छोटी रिश्वत ले रहे हैं तो कुछ का करोड़ों में मन नहीं भर रहा। अब जब केवल 1300 रूपए रिश्वत लेते हुए सर्जन पकड़ा जाता है तो उस पर तरस आता है। लोग कहते हैं कि शायद अनाड़ी था या फिर प्रॉपर मैनेज नहीं कर पाया, उन मछलियों की तरह जो बरसों से रिश्वत लेकर भी सफेदपोश बनी हुई है। बहरहाल, खबर है कि सरकारी अस्पताल में मरीज से मामूली ऑपरेशन के बदले रिश्वत मांगना एक सर्जन को महंगा पड़ गया। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने आरके गवर्नमेंट जिला अस्पताल के जूनियर स्पेशलिस्ट (सर्जरी) डॉ. पंकज जैन को 1300 रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान एसीबी ने पहले सत्यापन में दिए गए 500 रुपए भी बरामद कर लिए। परिवादी की आंख के पास हुई फुंसी का माइनर ऑपरेशन करने के बदले डॉ. पंकज जैन ने 2 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। बाद में सौदेबाजी के बाद दोनों के बीच 1800 रुपए में सहमति बनी। शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने पूरे मामले का सत्यापन कराया। सत्यापन के दौरान परिवादी ने डॉक्टर को 500 रुपए दिए। इसके बाद एसीबी ने पूर्व नियोजित योजना के तहत जाल बिछाया। जैसे ही परिवादी ने शेष 1300 रुपए डॉक्टर को दिए, टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। छापेमारी के दौरान एसीबी ने रिश्वत के 1300 रुपए के साथ सत्यापन के समय दिए गए 500 रुपए भी बरामद किए। फिलहाल आरोपी डॉक्टर से पूछताछ की जा रही है। एसीबी मामले में रिश्वतखोरी से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित संलिप्तता की भी जांच कर रही है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation अजमेर में 20.31 करोड़ से बनेगा अत्याधुनिक बालिका सैनिक स्कूल, शिलान्यास नशे से दूर रहने का दिया संदेश, 350 विद्यार्थियों को किया जागरूक, दो विद्यालयों में विधिक साक्षरता शिविर आयोजित, न्यायिक अधिकारियों ने बताए नशे के दुष्परिणाम