-बेटियों को सशक्त करने और महिला जाग्रति के लिए यह आयोजन: आकाश बागडी-सनातन एकता के लिए सर्वसमाज की बेटियों को भी कन्या पूजन में शामिल करेंगे 24 न्यूज़ अपडेट उदयपुर। खटीक समाज राष्ट्रीय संगठन की ओर से नवरात्रि के दौरान पहली बार समाज की 101 कन्याओं सहित सर्वसमाज की 201 से ज्यादा कन्याओं का कन्या पूजन कार्यक्रम 6 अक्टूबर को रखा गया है। सूरजपोल स्थित निम्बार्क कॉलेज सभागार में आयोजित होने वाला यह आयोजन सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेगा।खटीक समाज राष्ट्रीय संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष आकाश बागडी ने मंगलवार को पत्रकारों को बताया कि खटीक समाज में महिला जाग्रति और महिला सशक्तिकरण के उद्देश्य से यह कार्यक्रम रखा गया है जिसमें विद्वान पंडितों द्वारा हवन पूजा आरती के साथ कन्या पूजन की रस्म होगी। बागडी ने बताया कि इस कार्यक्रम का प्रबंधन संगठन की महिला विंग को भी दिया गया है। आयोजन में सनातन एकता के लिए खटीक समाज की कम से कम 101 कन्याओं के साथ ही सर्वसमाज की कन्याओं को भी शामिल किया जाएगा। इस तरह कम से कम 201 कन्या पूजन का लक्ष्य रखा गया है, लेकिन संख्या इससे ज्यादा होने पर सभी को शामिल किया जाएगा। कन्या पूजन में शामिल होने वाली सभी बेटियों को शिक्षा किट व उपहार प्रदान किए जाएंगे। बागडी ने बताया कि खटीक समाज की ओर से यह पहली पहल है जिसको अभूतपूर्व बनाने के लिए सभी पदाधिकारियों की ओर से प्रयास किए जा रहे हैं।संगठन के संस्थापक जय निमावत ने बताया कि हमारी छोटी-छोटी बहन बेटियों के साथ जो घटनाएं हो रही हैं इसको देखते हुए ही संगठन ने कन्या पूजन का कार्यक्रम तय किया है। इसमें 3 से 10 वर्ष तक की कन्याओं को शामिल किया जाएगा। इस कार्यक्रम के माध्यम से ही हम बेटियों को सशक्त बनाने का प्रयास कर रहे हैं। साथ ही महिलाएं जब आगे होंगी तो कुरीतियां दूर करने में भी हमें मदद मिलेगी। हम हमेशा ये चाहते हैं कि खटीक समाज का भला हो और समाज आगे बढे।कुरीतियां खत्म कर रहे हैंसंगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष आकाश बागडी व संस्थापक जय निमावत ने बताया कि संगठन की ओर से समाज में कुरीतियों को खत्म करने के लिए कठोर पहल की जा रही है। हमने दहेज प्रथा खत्म करने और शादी में केवल पांच तोला सोना ही देने को लेकर निर्णय किए हैं जिसका सभी ने स्वागत किया है।शराब की प्रवृति कम हो रही हैसंगठन के राष्ट्रीय महासचिव पूरण खटीक ने बताया कि संगठन के प्रयास से अब समाज के शादी समारोह में शराब की प्रवृति भी खत्म हो गई है। अब शराब का इस्तेमाल नहीं के बराबर होता है। इससे भी समाज की अच्छी छवि बनी है और महिलाओं ने भी इस निर्णय को सराहा है। उन्होंने बताया कि हम समाज के बच्चों को प्रोत्साहित कर रहे हैं और उन्हें आगे बढने के लिए जो मदद दे सकते हैं वह दे रहे हैं।घर तोडने नहीं, जोडने का काम कर रहेसंगठन के राष्ट्रीय महामंत्री पीसी चावला ने बताया कि संगठन की ओर से एक अच्छी मुहिम चल रही है जिसमें हम घर तोडने नहीं, घर जोडने का काम कर रहे हैं। जहां कहीं भी हमें परिवार में आपसी मनमुटाव का पता चलता हैं तो संगठन के पदाधिकारी वहां जाजम पर बैठकर आपस में सौहार्द्रपूर्ण निपटारा करवा रहे हैं। अब तक ऐसे कई परिवारों और दंपती का संगठन के पदाधिकारियों ने घर जोडा है।आयोजन में संगठन के प्रदेश महामंत्री प्रभुलाल सामरिया, जिला महामंत्री भैरुलाल चंदेल, देहात जिलाध्यक्ष केसुलाल डिडवानियां तथा लव सामरिया ने भी अपने विचार रखे। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation निगम की बसे आदेश के बाद भी नहीं जा रही है कैलाशपुरी, देलवाडा मार्ग पर आज एक बुजुर्ग बीमार व्यक्ति के साथ तीन अन्य यात्री को बीच रास्ते में उतारा राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू गुरुवार और शुक्रवार को उदयपुर, सिरोही और बांसवाड़ा की यात्रा पर