24 News Update उदयपुर, बौद्धिक सम्पदा सुविधा सेवा केंद्र (आई.पी.एफ.सी) उदयपुर द्वारा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (एम.एस.एम.ई) के सहयोग से टेक्नो इंडिया एनजेआर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, उदयपुर में “एक दिवसीय बौद्धिक संपदा अधिकार (Intellectual Property Rights – IPR)” जागरूकता कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया।इस कार्यक्रम का उद्देश्य उद्योग जगत, उद्यमियों, स्टार्टअप्स और विद्यार्थियों को बौद्धिक संपदा अधिकारों — जैसे पेटेंट, ट्रेडमार्क, कॉपीराइट और डिज़ाइन — के महत्व और उनकी कानूनी प्रक्रिया से अवगत कराना था।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री मनोज जोशी, पूर्व अध्यक्ष, लघु उद्योग भारती, उदयपुर रहे।एमएसएमई टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट सेंटर, उदयपुर से श्री एम. गणेश ने विशेष रूप से सहभागिता की, जबकि कार्यक्रम के मुख्य वक्ता के रूप में प्रसिद्ध आई.पी.आर. अटॉर्नी श्री अखिलेश गुप्ता उपस्थित रहे।कॉलेज के निदेशक डॉ. आर. एस. व्यास ने भी कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए विद्यार्थियों को प्रेरित किया।मुख्य वक्ता श्री अखिलेश गुप्ता ने अपने संबोधन में पेटेंट आवेदन प्रक्रिया, ट्रेडमार्क पंजीकरण की विधि, कॉपीराइट सुरक्षा तथा नवाचारों के कानूनी संरक्षण पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आज के डिजिटल और प्रतिस्पर्धात्मक दौर में ज्ञान ही वास्तविक पूंजी है, और उसकी सुरक्षा बौद्धिक संपदा अधिकारों के माध्यम से संभव है।मुख्य अतिथि श्री मनोज जोशी ने कहा कि “आज के समय में किसी भी उद्योग, स्टार्टअप या नवोन्मेषी व्यक्ति के लिए बौद्धिक संपदा की सुरक्षा उतनी ही आवश्यक है जितनी किसी उत्पाद की गुणवत्ता। इससे उद्यमी अपने नवाचारों को सुरक्षित रखकर वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे बढ़ सकते हैं।”एमएसएमई टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट सेंटर के श्री एम. गणेश ने बताया कि “इस प्रकार के कार्यक्रमों से युवा पीढ़ी और उद्योगों को नवाचारों के कानूनी संरक्षण की जानकारी मिलती है, जिससे वे अपने बौद्धिक संसाधनों का सही उपयोग कर सकें।” उन्होंने यह भी घोषणा की कि भविष्य में ऐसे और कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थी, स्टार्टअप्स और उद्योग प्रतिनिधि लाभान्वित हो सकें। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में विद्यार्थियों, स्टार्टअप प्रतिनिधियों, उद्योग जगत के सदस्यों और शिक्षकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया।इस कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्री पुलकित सिंह, आईपीएफसी समन्वयक, एवं श्री अंकुर, टेक्नो इंडिया एनजेआर कॉलेज, का विशेष योगदान रहा। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation धरती पर डॉक्टर ही ऐसा इंसान, जिसके पास लोग जिंदगी मांगने जाते है – राष्ट्रसंत पुलक सागर एनपीएस के विरोध में कर्मचारियों का फूटा आक्रोश, आदेश की प्रतीकात्मक होली जलाई