जयपुर। राजस्थान में कनिष्ठ अभियंता भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए फरार कोचिंग संचालक को गिरफ्तार किया है। आरोपी टैबलेट और आईपैड जैसे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के जरिए अभ्यर्थियों को लीक प्रश्नपत्र पढ़ाकर परीक्षा में अवैध फायदा पहुंचाता था और इसके बदले प्रति कैंडिडेट 25 से 30 लाख रुपए वसूलता था। एडीजी एसओजी विशाल बंसल के अनुसार गिरफ्तार आरोपी भीम सिंह (46) निवासी हरसोरा, अलवर हाल बानसूर (कोटपूतली-बहरोड़) है। यह मामला कनिष्ठ अभियंता संयुक्त भर्ती परीक्षा-2020 से जुड़ा है, जिसकी परीक्षा दिसंबर 2020 में हुई थी। परीक्षा में गड़बड़ी के बाद यह निरस्त हुई और सितंबर 2021 में दोबारा आयोजित की गई, जिसमें भी पेपर लीक का खुलासा हुआ। एसओजी ने पहले इस गैंग के मास्टरमाइंड जगदीश बिश्नोई, गणपत मालवाड़ा, अनिल उर्फ शेर सिंह मीणा और भूपेन्द्र सारण सहित कई आरोपियों को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में सामने आया कि भीम सिंह इस नेटवर्क का अहम हिस्सा था। जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी पूर्व में आरपीएफ में कार्यरत था और वीआरएस लेने के बाद बानसूर क्षेत्र में कोचिंग संस्थान तथा जयपुर में ऑनलाइन परीक्षा के लिए कंप्यूटर लैब संचालित कर रहा था। वह मोबाइल की बजाय सैमसंग टैबलेट और एप्पल आईपैड का इस्तेमाल करता था, जिससे एक साथ कई अभ्यर्थियों को लीक पेपर पढ़ाया जा सके। एसओजी के अनुसार आरोपी अपने साथियों के साथ अभ्यर्थियों को जयपुर में इकट्ठा करता, उन्हें टैबलेट के जरिए प्रश्नपत्र रटवाता और फिर परीक्षा केंद्रों तक भेजता था। वसूली गई रकम गैंग के सदस्यों में बांटी जाती थी। कार्रवाई के दौरान उपयोग में लिया गया टैबलेट भी बरामद कर लिया गया है, जिसे आरोपी ने अपनी बेटी को दे दिया था। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि भीम सिंह पहले भी कई बड़ी भर्तियों के पेपर लीक मामलों में शामिल रहा है, जिनमें जेई भर्ती-2020, सीएचओ भर्ती-2020, राजस्थान पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती-2022 और हाईकोर्ट एलडीसी भर्ती परीक्षा शामिल हैं। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation 17 साल 4 महीने की उम्र में दे दी नौकरी, 4 साल बाद कर दिया बर्खास्त, हाईकोर्ट ने दिया सेवा बहाली का आदेश