24 News Update भीलवाड़ा. भीलवाड़ा में मंदिर के गार्ड और दो दोस्तों का धारदार हथियार से मर्डर करने वाला आरोपी दीपक नायर (45) पुलिस को लगातार गुमराह कर रहा है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि गार्ड और दो दोस्तों ने उसकी बहन के साथ गलत किया, इसलिए उन्होंने उन्हें मार डाला। हालांकि, पुलिस की जांच में आरोपी के बारे में चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि दीपक ने पहले भी कानून के साथ संघर्ष किया था। भीलवाड़ा के प्रतापनगर थाने में पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट करने और उत्पात मचाने के मामले में उसे 10 पुलिसकर्मियों द्वारा मुश्किल से काबू किया गया था। इसके अलावा, केरल में भी उसने तीन पहियों पर कार दौड़ाकर कई वाहनों को टक्कर मारी थी, जिस पर लोगों ने उसकी जमकर पिटाई की थी।मंदिर में गार्ड की हत्या और दो दोस्तों की शवों की बरामदगी23 अप्रैल की रात करीब 2 बजे दीपक नायर ने सुभाषनगर इलाके में स्थित अयप्पा मंदिर में गार्ड लाल सिंह रावणा (55) की खुरपे से हत्या कर दी थी। हत्या के बाद, उसने गार्ड के प्राइवेट पार्ट को काटकर गले पर रख दिया। गार्ड पिछले 15 साल से मंदिर में कार्यरत था। इस वारदात के एक घंटे बाद, पुलिस ने दीपक को हिरासत में ले लिया।पुलिस की जांच में 24 अप्रैल को दीपक के घर पर दो अन्य शव मिले, जो उसी तरह हत्या किए गए थे जैसे गार्ड की हत्या की गई थी। इन दोनों दोस्तों के शवों के प्राइवेट पार्ट भी धारदार हथियार से काटे गए थे।मेडिकल जांच और हत्या की गंभीरतामेडिकल जूरिस्ट डॉ. अनुपम बंसल ने बताया कि तीनों शवों का पोस्टमॉर्टम किया गया। गार्ड के शरीर पर 20 से ज्यादा घाव थे, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। इसके बाद भी उसके शरीर पर लगातार वार किए गए थे। गार्ड के शरीर में गहरे घाव और कट के निशान मिले। वहीं, दो दोस्तों के चेहरों पर जलने के निशान थे और उनकी मौत 48 घंटे पहले हो चुकी थी।दीपक का अतीत और गुस्सा बढ़ता गयादीपक नायर के बचपन के दोस्त ने बताया कि दीपक का गुस्सा कई सालों से बढ़ रहा था। वह बचपन में शांत स्वभाव का था, लेकिन समय के साथ उसकी मानसिक स्थिति बिगड़ गई। वह आईटीआई के बाद चित्तौड़गढ़ और निंबाहेड़ा में प्राइवेट काम करता था और भीलवाड़ा के अयप्पा मंदिर का ट्रस्टी भी था। दीपक की शादी नहीं हुई थी, और वह केरल के एक परिवार से था।मनोचिकित्सक का कहना: ऐसे पेशेंट का दिमागी नियंत्रण नहीं रहताभीलवाड़ा के मनोचिकित्सक डॉ. वीरभान चंचलानी ने दीपक की मानसिक स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि ऐसे पेशेंट्स का दिमागी नियंत्रण नहीं रहता। उनके दिमाग में लगातार एक स्टोरी सेट हो जाती है और वे किसी भी व्यक्ति को अपना दुश्मन मानकर उसके साथ बर्बरता कर सकते हैं। हत्या के तरीके से साफ पता चलता है कि दीपक पर हत्या करने की धुन सवार थी। डीएसपी श्याम सुंदर बिश्नोई ने बताया कि अभी तक हत्या के कारण साफ नहीं हो पाए हैं। दीपक नायर अलग-अलग कहानियां बना कर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। कभी वह कहता है कि गार्ड और दो दोस्तों ने उसकी बहन के साथ गलत किया, इसलिए उन्होंने उन्हें मार डाला। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है और आरोपी से लगातार पूछताछ की जा रही है। दीपक नायर के खिलाफ भीलवाड़ा में पहले से ही कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। 2009 से लेकर अब तक उसके खिलाफ मारपीट, जानलेवा हमला और लूट के मामले दर्ज किए गए हैं। 2015 में उसने प्रतापनगर थाने में पुलिसकर्मियों से मारपीट की थी, और 2020 में एक कार शोरूम में घुसकर ट्रायल की बात कहकर कार लेकर फरार हो गया था।केरल में भी है आरोपी का आपराधिक रिकॉर्डकेरल में भी दीपक के खिलाफ पब्लिक और पुलिस से मारपीट का मामला दर्ज है। वहां उसने 25 किलोमीटर तक कार को तीन पहियों पर दौड़ाया था और कई वाहनों को टक्कर मारी थी। इस दौरान लोग उसे पकड़ कर पीटने में सफल रहे थे। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation अजमेर में साले ने जीजा का किया मर्डर,हत्या के बाद पास की झोपड़ी में सोता रहा मौत के सौदागर की लिस्ट में था उदयपुर का पुजारी, भीलवाड़ा की सड़कों पर रातभर घूमता रहा ‘सीरियल-कसाई’, तीन की हत्या, अगला निशाना पुजारी और एएसआई था