उदयपुर, 8 अक्टूबर। रामभक्ति के रंग में रंगा निम्बार्क मैदान शुक्रवार से दस दिनों तक श्रीराम कथा के विभिन्न प्रसंगों का साक्षी बनेगा। श्रीराम लीला समिति के तत्वावधान में आयोजित रामलीला की शुरुआत रामभक्त हनुमान के आह्वान और हनुमान चालीसा के सामूहिक पाठ के साथ होगी। आयोजन की तैयारियों को गुरुवार को अंतिम रूप दिया गया। शहर के विभिन्न समाजों और संस्थाओं को भी रामलीला में शामिल होने का निमंत्रण दिया गया है। समिति अध्यक्ष धर्मनारायण जोशी ने बताया कि उदयपुर में पहली बार इतने बड़े स्तर पर दस दिवसीय रामलीला का आयोजन किया जा रहा है। वृंदावन के प्रसिद्ध ‘पुष्टिमार्गीय श्री कृष्ण लीला संस्थान’ के 40 वरिष्ठ एवं कुशल कलाकार रामायण के प्रमुख प्रसंगों को मंच पर जीवंत करेंगे। संस्थान के अध्यक्ष वेदप्रकाश भारद्वाज, दल प्रमुख घनश्याम शर्मा और ज्ञान शर्मा के नेतृत्व में कलाकारों का दल उदयपुर पहुंच चुका है। रामलीला दल के प्रमुख घनश्याम शर्मा ने बताया कि कलाकारों ने गुरुवार को पहुंचते ही तैयारियां संभाल लीं। देर रात तक मंच, प्रकाश और ध्वनि व्यवस्था को अंतिम रूप देने का काम चलता रहा। महिलाओं को सौंपी गईं अलग-अलग जिम्मेदारियां आयोजन की व्यवस्थाओं को लेकर गुरुवार शाम हुई बैठक में समिति महासचिव भंवरलाल शर्मा ने मातृशक्ति की टोली को प्रतिदिन होने वाले कार्यक्रमों की जानकारी दी। उन्होंने प्रत्येक प्रसंग के आरंभ और समापन पर पूजन, आरती और मंच से जुड़ी व्यवस्थाओं की जानकारी देते हुए दायित्व सौंपे। बैठक में प्रियंका भटनागर, रीना परसाई, निशा जैन, रागिनी जैन, नेहा माहुर, रेणुका व्यास, प्रीति शर्मा और हिमानी गौतम ने सहभागिता की। समिति अध्यक्ष धर्मनारायण जोशी के मार्गदर्शन में समन्वयक अशोक बाबेल, संयोजक डॉ. विजयप्रकाश विप्लवी सहित हरीश मारवाड़ा, अरुण त्रिवेदी, चैनशंकर दशोरा, राकेश पालीवाल, रोहित चौबीसा, निर्मल चौबीसा, विप्र फाउंडेशन के प्रदेशाध्यक्ष नरेन्द्र पालीवाल, पूर्व पार्षद दिनेश गुप्ता, अपना घर आश्रम के अध्यक्ष गोपाल कनेरिया, हीरालाल सोनी, नाहर सिंह तंवर, कमल कुमावत, राजकुमार पारीक, धरणीधर तिवारी, गजेन्द्र चौबीसा, ओम प्रकाश, जगन्नाथ शर्मा, राजेश स्वर्णकार, चेतन माली, दीपक डांगी, योवंतराज माहेश्वरी और रामलाल पालीवाल ने पार्किंग, पेयजल, रोशनी तथा बुजुर्गों के बैठने के लिए कुर्सियों सहित अन्य व्यवस्थाओं पर चर्चा की। विभिन्न समाजों को दिया न्योता संयोजक डॉ. विजयप्रकाश विप्लवी ने बताया कि समिति के प्रतिनिधियों ने सालवी, प्रजापत, वारी, सोनी, साहू, जैन, वैष्णव, गुजराती, पारीख, लोहार और खटीक सहित विभिन्न समाजों के प्रमुख लोगों से संपर्क कर रामलीला में आने का निमंत्रण दिया है। हर दिन अलग प्रसंग, 18 अक्टूबर को रावण वध रामलीला के पहले दिन नारद मोह, अवतार प्रयोजन और कथा की पृष्ठभूमि के प्रसंगों से शुरुआत होगी। इसके बाद 10 अक्टूबर को रावण तपस्या, पृथ्वी पुकार और श्रीराम जन्म का मंचन होगा। 11 अक्टूबर को विश्वामित्र आगमन, ताड़का-सुबाहु वध और अहिल्या उद्धार, जबकि 12 अक्टूबर को पुष्प वाटिका और धनुष यज्ञ के प्रसंग मंचित होंगे। 13 अक्टूबर को श्रीराम-जानकी विवाह से पहले शाम 6 बजे अस्थल आश्रम से निम्बार्क महाविद्यालय रामलीला स्थल तक ‘बिन्दोरी’ शोभायात्रा निकाली जाएगी। इसी दिन दशरथ प्रतिज्ञा, कैकेयी का वरदान मांगना और श्रीराम वन गमन के प्रसंग होंगे। 14 अक्टूबर को श्रीराम-केवट संवाद, दशरथ मरण और भरत मिलन का मंचन होगा। 15 अक्टूबर को श्रीराम का ऋषियों से मिलन, गिद्धराज जटायु, शूर्पणखा नासिका भंग, खर-दूषण वध और सीता हरण के प्रसंग प्रस्तुत किए जाएंगे। 16 अक्टूबर को शबरी मिलन, श्रीराम-सुग्रीव मित्रता, सीता अन्वेषण और लंका दहन होगा। 17 अक्टूबर को श्रीराम सेना प्रस्थान, विभीषण शरणागत, सेतु बंध, रामेश्वर स्थापना, अंगद-रावण संवाद और लक्ष्मण शक्ति के प्रसंग मंचित होंगे। रामलीला के अंतिम दिन 18 अक्टूबर को कुंभकरण वध, मेघनाद वध, रावण वध, श्रीराम का अयोध्या आगमन और राज्याभिषेक का मंचन होगा। 20 अक्टूबर को कल्लाजी बावजी चौराहे पर रावण दहन दशहरे के अवसर पर 20 अक्टूबर को शाम 6 बजे सेक्टर-14 नेला स्थित कल्लाजी बावजी चौराहे पर रावण दहन किया जाएगा। इस दौरान पश्चिमी क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र की ओर से सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी जाएंगी। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation राज्य स्तरीय खेल प्रतियोगिताओं में सेंट पॉल स्कूल के खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन एक्शन में महापौर सिंघवी, सेक्टर 4 में डिवाइडर के पौधों से लेकर रोड लाइट तक जांची व्यवस्थाएं