24 News Update चित्तौड़गढ़। पंचायत समिति भदेसर की ग्राम पंचायत बानसेन में सार्वजनिक भूमि पर चल रहे अतिक्रमण और अवैध निर्माण का मामला अब गंभीर रूप ले चुका है। शिकायतों के बावजूद अधिकारी और ग्राम पंचायत लगातार लापरवाह रवैया अपनाए हुए हैं, जिससे अतिक्रमणकारियों को खुली छूट मिलती रही है। नेताओं की शहर पर मौके पर काम हो रहा है व अफसर नेताओं की चाटुकारिता करते हुए लगातार झूठे आश्वासन दे रहे हैं। कच्ची दीवार से सटा कर सरकारी जमीन पर बनाया सेप्टिक टेंकजानकारी के अनुसार, सुरेश गर्ग की दीवार से सटी सार्वजनिक जमीन पर मुकेश पुत्र रामचन्द्र लक्ष्कार द्वारा कच्ची दीवार, सीवर टैंक और पिलर खड़े कर दुकान का निर्माण किया जा रहा है। इस संबंध में शिकायत दी गई, लेकिन ग्राम सचिव घनश्याम रेगर और सरपंच कन्हैयालाल वैष्णव ने कोई कार्रवाई नहीं की।पीड़ित ने बीडीओ अभिषेक शर्मा को प्रार्थना पत्र देकर हस्तक्षेप की मांग की। बीडीओ ने सरपंच और सचिव को कार्रवाई के आदेश दिए। इसके बाद 18 सितंबर, 2025 को ग्राम विकास अधिकारी ने अवैध निर्माण रोकने का आदेश जारी किया, लेकिन मुकेश लक्ष्कार ने आदेश की परवाह किए बिना निर्माण जारी रखा।वर्तमान में भी निर्माण जारी है और पीड़ित को हर बार सिर्फ आश्वासन दिया जा रहा है। बीडीओ का कहना है कि “मैं दिखवाता हूं, चेक करवाते हैं,” लेकिन मौके पर वास्तविक कार्रवाई नहीं हो रही। 21 नवंबर को मौका निरीक्षण रिपोर्ट तैयार की गई, फिर भी निर्माण पर रोक नहीं लगी। बिना दस्तावेज के निर्माण, कोर्ट में देना पड़ेगा जवाबशिकायतकर्ता का कहना है कि मुकेश लक्ष्कार के पास सरकारी जमीन पर निर्माण की अनुमति और स्वामित्व दस्तावेज नहीं हैं। आरटीआई में मांगे जाने पर भी प्रथम अपीलीय अधिकारी के आदेश के बावजूद दस्तावेज नहीं प्रदान किए गए। मामले की गंभीरता इस बात में है कि सरपंच, सचिव और ग्राम विकास अधिकारी की मिलीभगत से अतिक्रमणकारियों को खुली छूट मिल रही है, जबकि हाईकोर्ट का स्पष्ट आदेश है कि किसी भी अवैध निर्माण का नियमन नहीं किया जा सकता और सार्वजनिक भूमि पर अतिक्रमण एक गंभीर अपराध है।विशेषज्ञों का कहना है कि यदि इस मामले में उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो यह न केवल बानसेन बल्कि पूरे जिले के लिए अतिक्रमण का मॉडल केस बन सकता है। पीड़ित ने जिला कलेक्टर आलोक रंजन से भी अपील की है कि वे स्वयं दखल देकर मामले को सुलझाएं। लेकिन वहां से भी कोई राहत नहीं मिली है। मामले के गंभीर परिणाम भविष्य में उन सभी के लिए कठिनाइयाँ ला सकते हैं, जो इस अतिक्रमण को बढ़ावा दे रहे हैं। कोर्ट में जवाबदेही से कोई भी बच नहीं सकता। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation डूंगरपुर लौट आया बेटा… कनाडा में मौत के 14 दिन बाद पहुंचा शवघर में कोहराम, मां लिपटकर रोई; भाजपा पार्षद मोहनलाल नागदा के इंजीनियर बेटे निपुण का हुआ अंतिम संस्कार चित्तौड़गढ़ कलेक्टर ने यूरिया वितरण में अनियमितिता पर 2 अनुज्ञापत्र निलंबित किए