24 न्यूज अपडेट उदयपुर। अन्तर्राष्ट्रीय कृष्ण भावनामृत संघ इस्काॅन की ओर से आयोजित श्री जगन्नाथ रथ यात्रा की तैयारी लगभग पूरी हो गई है। इसके लिए शनिवार को सम्पूर्ण मन्दिर का गगांजल से प्रक्षालन कर मार्जन किया गया। इस्काॅन की प्रथम रथ यात्रा होने से न केवल भक्तो मे अपितु आसपास के क्षेत्रवासी दुकानदारो मे भी जबरदस्त उत्साह है। इसके लिए वृन्दावन पूने मुम्बई अहमदाबाद हनुमानगढ जयपुर चितोड बांसवाडा डूंगरपुर आदि स्थानो से सैकड़ो भक्त आ चुके है।प्रबंधक मायापुर वासी ने बताया कि आज मंगला के बाद शीघ्र भगवान जगन्नाथ जी बलभद्र जी बहन सुभद्रा जी को नई पोशाक धारण करा फूलमालाओ रत्नाभूषणो से श्रृंगार कर रथ मे सजाया जायेगा। जंहा भगवान अपने मूल विग्रह मे विराजमान हो भक्तो को साक्षात दर्शन देवेंगे। प्रातः 8:15 पर हाथी घोडो ऊंट बैंड-बाजे आदि लवाजमे के साथ मृदंग झांझर मंजीरो की गगनघोष शंखनाद की ध्वनि से रथयात्रा प्रारम्भ होगी। इस्काॅन के 100 बच्चे विभिन्न झांकियो मे सजधज कर आगे चलेगें। सैकड़ो इस्काॅन माताऐ पारम्परिक पीले साडी वस्त्र पहनकर चलेगी 51माताऐ सिर पर कलश धारण कर शोभा बनायेगी। जो साँवरिया गार्डन, युनिवर्सिटी मैनगैट बोहरा गणेश जी चोराहा धूलकोट महासतिया आदि मार्गो से होती हुई 11:15 बजे मन्दिर पहुँचेगी। मायापुर वासी के अनुसार मार्ग मे चोराहो पर पूने से आये भक्त रंगोली सजायेगे।भगवान का फूलो से स्वागत कर अगवानी आरती करने के लिए 11 स्वागत द्वार सज गये है। ठण्डा जल, छाछ मिल्करोज फल आदि के 21काउण्टर सजाये है।जिनमे अनेक समाज सेवी बढचढ कर सेवा दे रहे है। 10:15 पर बोहरा गणेश चोराहे पर विशाल मंगल श्रृंगार आरती होगी। इससे पूर्व शनिवार को भगवान को और रथ को सजाने के लिए इस्काॅन माताऐ फूलमालाओ बन्दनवार प्रसाद पैकेट बनाने मे जुटी रही। वैष्णव भक्त और माताऐ 5008 तरह के हाथो से निर्मित विभिन्न व्यंजनो का छप्पन भोग धरायेंगे।वैष्णव भक्त पूरे मार्ग मे सभी को महाप्रसाद वितरण करेंगे। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation डॉ. डी.एस. कोठारी की शिक्षा नीति आज की शिक्षा नीति का मूल – प्रो. सारंगदेवोत अनुशासन समिति के अध्यक्ष उदयलाल आजना का ऐलान : चुनाव में भिरतघात करने वाले कांग्रेसियों पर गिरेजी गाज