उज्जैन, 24 अक्टूबर। उज्जैन नगर निगम के भवन अधिकारी राजकुमार राठौर का थाईलैंड यात्रा के दौरान मगरमच्छ का मांस चखने का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। वीडियो में वह अपनी पत्नी के साथ नजर आ रहे हैं। इसे लेकर अब उनकी विदेश यात्रा की अनुमति और अवकाश संबंधी नियमों के पालन पर भी सवाल उठने लगे हैं। वीडियो के साथ राठौर ने अंग्रेजी में “Trying crocodile for the first time in Thailand” कैप्शन लिखा है। इसका अर्थ है—थाईलैंड में पहली बार मगरमच्छ का मांस चखना। वीडियो सामने आने के बाद उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की मांग की जा रही है। अवकाश आवेदन में विदेश जाने का उल्लेख नहीं नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा के अनुसार, राजकुमार राठौर जोन 1, 2 और 3 में भवन अधिकारी की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। इन क्षेत्रों में सिंहस्थ से जुड़े इलाके भी शामिल हैं। राठौर ने 19 से 23 अक्टूबर तक अवकाश के लिए आवेदन किया था, लेकिन उसमें विदेश यात्रा का उल्लेख नहीं था। आयुक्त के मुताबिक, विदेश जाने की अनुमति भी नहीं ली गई थी। यदि जांच में नियमों का उल्लंघन सामने आता है तो विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। नगर निगम के अपर आयुक्त संतोष टैगोर ने भी कार्रवाई के संकेत दिए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, उल्लंघन की प्रकृति और जांच के निष्कर्षों के आधार पर निंदा, वेतनवृद्धि रोकने या पदोन्नति पर रोक जैसी कार्रवाई पर विचार किया जा सकता है। वन्यजीव कानून को लेकर भी चर्चा वीडियो के बाद मगरमच्छ के मांस के सेवन को लेकर भी सवाल उठे हैं। हालांकि, विदेश में मगरमच्छ का मांस खाते दिखाई देना अपने आप में भारतीय वन्यजीव कानून के उल्लंघन का प्रमाण नहीं है। भारत में संरक्षित मगरमच्छ प्रजातियों के शिकार और उनसे जुड़े प्रतिबंधित कारोबार पर कानून के तहत कार्रवाई का प्रावधान है। फिलहाल मामले में विभागीय जांच के नतीजे और विदेश यात्रा से संबंधित नियमों के संभावित उल्लंघन पर आधिकारिक कार्रवाई का इंतजार है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation प्रज्ञान ओझा को BCCI की चयन समिति की कमान, रमेश पोवार को मिली जगह; अगरकर का कार्यकाल खत्म