24 न्यूज अपडेट, उदयपुर | 26 अप्रैल 2025 उदयपुर के कोटड़ा ब्लॉक में एक सरकारी स्कूल में उस समय सनसनी फैल गई, जब एक शिक्षक ने 9वीं कक्षा के छात्र को अंग्रेजी की परीक्षा के बीच से बुलाकर मुर्गा काटने और साफ करने का काम सौंपा। सावन क्यारा उच्च माध्यमिक स्कूल में हुई इस अजीबोगरीब घटना ने स्थानीय लोगों में आक्रोश पैदा कर दिया है। जिला कलेक्टर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच के आदेश दिए हैं। क्या है पूरा मामला? शनिवार दोपहर को उदयपुर से 165 किलोमीटर दूर सावन क्यारा स्कूल में 9वीं कक्षा के छात्र अंग्रेजी की परीक्षा दे रहे थे। इसी दौरान शिक्षक मोहनलाल डोडा ने एक छात्र को परीक्षा कक्ष से बाहर बुलाया और स्कूल के बाहर मुर्गा काटने व साफ करने का आदेश दिया। एक स्थानीय ग्रामीण ने इस घटना को देखा और तुरंत सामुदायिक नेताओं को सूचित किया, जिन्होंने जिला प्रशासन तक बात पहुंचाई। प्रशासन का त्वरित एक्शन उदयपुर के जिला कलेक्टर नमित मेहता ने मामले को गंभीरता से लिया और कोटड़ा एसडीएम हसमुख कुमार के नेतृत्व में एक जांच टीम गठित की। टीम में राजस्व निरीक्षक सोनाली मीणा सहित अन्य अधिकारी शामिल थे। जांच दल ने स्कूल पहुंचकर छात्रों, स्टाफ और स्थानीय लोगों से पूछताछ की। प्रारंभिक जांच में शिक्षक की हरकत के साथ-साथ स्कूल में पोषाहार योजना में अनियमितताएं भी सामने आईं, जहां छात्रों को कई महीनों से भोजन नहीं मिल रहा। घटना के प्रमुख बिंदु परीक्षा में व्यवधान: छात्र अपनी अंग्रेजी परीक्षा दे रहा था, तभी मोहनलाल डोडा ने उसे कक्षा से बाहर बुलाया। डर के मारे छात्र ने शिक्षक के आदेश का पालन किया और उनके द्वारा लाए गए मुर्गे को काटकर साफ किया। समुदाय में आक्रोश: भाजपा मंडल अध्यक्ष हिम्मत तावड़ ने बताया कि स्थानीय लोग उस समय हैरान रह गए, जब उन्होंने एक छात्र को परीक्षा के दौरान इस तरह का काम करते देखा। उन्होंने स्कूल में 2-3 महीनों से पोषाहार न मिलने की भी शिकायत की। शिक्षक की गैरमौजूदगी: जब जांच टीम स्कूल पहुंची, तब तक शिक्षक कटे हुए मुर्गे के मांस के साथ वहां से जा चुका था। स्कूल के प्रिंसिपल बंशीलाल से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका फोन बंद था। जांच जारी, सख्त कार्रवाई का आश्वासन प्रशासन ने जांच पूरी होने तक सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। जांच टीम ने घटनास्थल का मुआयना किया, बयान दर्ज किए और उस स्थान की तस्वीरें लीं, जहां मुर्गा काटा गया था। छात्रों को बिना डर के अपनी बात रखने के लिए प्रोत्साहित किया गया। जांच में स्कूल की अन्य खामियां, विशेष रूप से पोषाहार योजना की अनियमितताएं, भी सामने आ रही हैं। छात्र का बयान छात्र ने परेशान होते हुए कहा, “मैं अंग्रेजी का पेपर दे रहा था, तभी मोहन सर आए और मुझे मुर्गा काटने के लिए ले गए। काम करने के बाद मैं वापस परीक्षा कक्ष में लौटा, लेकिन मेरा पेपर अधूरा रह गया।” Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation लघु उद्योग भारती के 32वें स्थापना दिवस पर वरिष्ठ उद्यमियों का सम्मान, महिला इकाई ‘लोकमाता अहिल्याबाई’ का गठन Next Post