केंद्र सरकार नई शिक्षा नीति, विद्यालय मार्जिनिंग, छात्रावासों को बंद करना, प्राइवेट शिक्षा को बढ़ावा देना तमाम षड्यंत्र को बंद करें 24 News Update भीलवाडा. भीलवाडा राष्ट्रव्यापी भारतीय विद्यार्थी मोर्चा द्वारा आयोजित जन आक्रोश धरना प्रदर्शन का नेतृत्व वामन मेश्राम साहब राष्ट्रीय अध्यक्ष भारत मुक्ति मोर्चा व राष्ट्रीय संरक्षक भारतीय विद्यार्थी मोर्चा एवं सह नेतृत्व सिद्धांत मौर्य राष्ट्रीय प्रभारी भारतीय विद्यार्थी मोर्चा के द्वारा दिल्ली के जंतर मंतर पर सम्पन्न हुआ।देश में जब शिक्षा को खत्म करने का षड्यंत्र चल रहा है, तब इस देश के तमाम छात्र संगठन अपनी राजनीतिक रोटियां सेकने में लगे हैं लेकिन शिक्षा व विद्यालयों को बचाने के लिए कोई भी आंदोलन नहीं कर रहा है ।ऐसे समय में भारतीय विद्यार्थी मोर्चा ने यह राष्ट्रीय जन आंदोलन करने का निर्णय लिया और जिसे दिल्ली में सफल करके बताया और अब भारतीय विद्यार्थी मोर्चा से छात्र जुड़े रहे हैं क्योंकि उनको यही संगठन अपनी आवाज उठाने वाला लग रहा है और इसी से उम्मीद कर रहे हैं।राष्ट्रीय प्रभारी सिद्धांत मौर्य ने बताया कि अब देश के आम गरीब मजदूर किसान के बेटों को शिक्षा से वंचित करने का सरकार द्वारा प्री प्रायोजित तरीके से षड्यंत्र लॉकडाउन के दौरान नई शिक्षा नीति लागू करके किया गया है ,लेकिन अब भारतीय विद्यार्थी मोर्चा के द्वारा राष्ट्रव्यापी जन आंदोलन में परिवर्तित करने का काम किया है, देश के विद्यार्थियों को बचाने के लिए आज दिल्ली के जंतर मंतर पर राष्ट्रव्यापी धरना प्रदर्शन करके यह आगाज कर दिया है कि अब विद्यार्थियों के साथ किसी भी प्रकार का षड्यंत्र बर्दाश्त नहीं करेंगे। समय रहते केंद्र सरकार नई शिक्षा नीति, विद्यालय मार्जिनिंग, छात्रावासों को बंद करना, प्राइवेट शिक्षा को बढ़ावा देना तमाम षड्यंत्र को बंद नहीं करती है तो संगठन आगे की रणनीति बनाकर सरकार को मजबूर करेंगे वरना यह आंदोलन जन आंदोलन में परिवर्तित होगा। दिल्ली के जंतर मंतर पर राष्ट्रव्यापी धरना प्रदर्शन करके भारतीय विद्यार्थी मोर्चा ने इतिहास रच दिया।मोतीलाल सिंघानिया राष्ट्रीय अध्यक्ष भारतीय विद्यार्थी छात्रावास संघ ने कहा कि देश में सरकारी शिक्षा की बहुत ही नाजुक हालात बने हुए हैं एवं देश के तमाम कॉलेज और यूनिवर्सिटी में सरकार दोहरी नीति अपनाते हुए ,प्राइवेट शिक्षा को बढ़ावा देकर सरकारी छात्रावासों को बंद करने का प्लान कर रही है । देश के अंदर लगभग 11000 छात्रावास हैं जो जर्जर हालत में है और उनमें भी प्रति छात्र₹2200 प्रतिमाह का बजट जारी कर रखा है ।जिससे विद्यार्थियों को गुजारा करना मुश्किल हो रहा है जिस देश में अफसर शाही इतनी हावी हो गई है कि उनके ऑफिसों के चेंबर सेवन स्टार होटल से कम नहीं है लेकिन वही स्कूल कॉलेज छात्रावासों की बिल्डिंग जर्जर हो रही है और राजस्थान में जर्जर भवन के कारण झालावाड़ में साथ मासूमों को मौत के घाट उतार दिया लेकिन इस देश की राज्य सरकारें एवं केंद्र सरकार चुप होकर तमाशा देख रही है यदि केंद्र सरकार अपना रवैया नहीं बदलेगी तो देश के तमाम छात्रावासों के छात्र देश में जन आंदोलन करेंगे और उसका जो भी परिणाम होगा, उसकी जिम्मेदार केंद्र सरकार होगी। वामन मेश्राम राष्ट्रीय अध्यक्ष भारत मुक्ति मोर्चा ने अध्यक्षता करते हुए कहा कि विद्यार्थी मोर्चा के द्वारा राष्ट्रवादी जन आंदोलन जिन मुद्दों के लेकर किया जा रहा है वह सही है ,लेकिन जिस सरकार ने इसे लागू किया है, वह ऐसे मानने वाली नहीं है इसीलिए भारतीय विद्यार्थी मोर्चा को जिला स्तर पर संगठित शक्ति का निर्माण करके जिले से ही इन नीतियों को लागू करने वालों का इंतजाम करना होगा और उनको राष्ट्रीय स्तर पर पहुंचने से रोकना होगा क्योंकि जिन परिस्थितियों का निर्माण केंद्र सरकार ने किया है वह केंद्र सरकार छात्रों की समस्या का हल करने वाली नहीं है क्योंकि जो समाधान करना चाहती तो ,वह इन समस्याओं का निर्माण नहीं करती इसीलिए बीजेपी और कांग्रेस एक ही पार्टी है ,एक जाती हैं दूसरी आती है लेकिन इन मुद्दों पर कोई बोल नहीं रही है इसीलिए संगठित शक्ति से ही इसका समाधान हो सकता है। कई सालों से षड्यंत्र किया जा रहा है वही षड्यंत्र अब विद्यार्थियों के साथ भी होने लगा है लेकिन अब ओबीसी पूरे देश भर में विद्यार्थी मोर्चा के साथ खड़ा है और केंद्र की सरकार को चेतन चाहता हूं कि जिस देश में सबसे ज्यादा संख्या ओबीसी की है उसके साथ षड्यंत्र किया गया अब यह जुमलेबाजी नहीं चलेगी ।हर समय विद्यार्थी मोर्चा के साथ हम खड़े हैं। क्योंकि दिल्ली में भी विद्यार्थियों को आने से रोकने की कोशिश की गई कई विद्यार्थियों को दिल्ली के अंदर प्रवेश नहीं करने दिया गया लेकिन फिर भी यह सफल आयोजन हुआ तो केंद्र सरकार को समझ जाना चाहिए कि आगे क्या होने वाला है।राष्ट्रव्यापी इस जन आक्रोश रैली धरनाप्रदर्शन में देश के कोने-कोने से हजारों की तादाद में विद्यार्थी युवा बेरोजगार महिलाएं छात्राएं मजदूर समर्थक पहुंचे और कई छात्र संगठनों एवं कोचिंग संस्थाओं ने समर्थन किया ।सरकार और पुलिस के भारी विरोध के बावजूद भारतीय विद्यार्थी मोर्चा का राष्ट्र व्यापी विद्यालय बचाओ! शिक्षा बचाओ जनआक्रोश महारैली व धरना प्रदर्शन दिल्ली के जंतर-मंतर पर सम्पन्न हुआ।धरना प्रदर्शन में मा.वामन मेश्राम राष्ट्रीय अध्यक्ष भारत मुक्ति मोर्चा, सिद्धांत मौर्य राष्ट्रीय प्रभारी भारतीय विद्यार्थी मोर्चा नई दिल्ली, आयु निशा मेश्राम ,मा. सौम्या रंजन (राष्ट्रीय अध्यक्ष बीवीएम),मा. राकेश गायकवाड राष्ट्रीय अध्यक्ष बायम,आयु. अनुपम रंजन राष्ट्रीय अध्यक्षा बीवीसीपी, मा. मोतीलाल सिंघानिया राष्ट्रीय अध्यक्ष बीवीसीएस,मा. दीपू मूलनिवासी राष्ट्रीय अध्यक्ष आरए सीएस एवं मा. चौधरी विकास पटेल राष्टीय अध्यक्ष, राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग मोर्चा नई दिल्ली और भी कई छात्र संगठन व कोचिंग संस्थाओं , तमाम राष्ट्रीय पदाधिकारी, प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश पदाधिकारी ,जिला पदाधिकारी ,तहसील ब्लाक के अध्यक्ष एवं कार्यकर्ता हैं, महिलाएं अन्य शामिल रहे। सरकार और पुलिस के भारी विरोध के कारण कई बसों को दिल्ली के बाहर ही रोक दिया गया इसके बावजूद भारतीय विद्यार्थी मोर्चा का राष्ट्रव्यापी जन आक्रोश धरना प्रदर्शन ने जंतर-मंतर पर सफल हुआ। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation भीलवाड़ा पुलिस की बड़ी कार्रवाई: मिनी कंटेनर से 224 किलो डोडा चूरा पाउडर बरामद, एक गिरफ्तार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को आरयूआईडीपी परियोजना कार्य की जानकारी दी