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बांसवाड़ा की माही नदी हादसे में 48 घंटे बाद मिले युवक और मासूम के शव

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24 News Update बांसवाड़ा। बांसवाड़ा जिले में माही नदी में नाव पलटने के हादसे के 48 घंटे बाद गुरुवार को लापता 21 वर्षीय युवक और 8 वर्षीय मासूम के शव बरामद कर लिए गए। हादसे के बाद से लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा था।
गुरुवार सुबह एसडीआरएफ टीम ने हादसे वाली जगह पर मशीनों और नाव की मोटर से पानी में वाइब्रेशन कर जाल डाला। कुछ देर बाद जयेश (21) पुत्र कचरा तीरगर का शव जाल में फंस गया, जिसे बाहर निकाला गया। इसके बाद दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया और करीब 100 मीटर दूरी पर मानव (8) पुत्र नाथू का शव भी पानी में तैरता हुआ मिल गया। रेस्क्यू के दौरान हादसे में पलटी नाव भी बरामद कर ली गई।

माही नदी में पलटी थी नाव
जानकारी के अनुसार मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे माही नदी में एक नाव अनियंत्रित होकर पलट गई थी। हादसा अरथूना थाना क्षेत्र की पांचवाड़ा पंचायत के भैंसाउ गांव में हुआ था। नाव में कुल 11 लोग सवार थे, जिनमें नाविक सहित 9 लोग तैरकर सुरक्षित बाहर निकल आए थे, जबकि जयेश और मानव लापता हो गए थे।
मानव मोटागांव थाना क्षेत्र के चंदूजी का गढ़ा गांव का निवासी था। वह अपने मामा लालशंकर के घर भाणो का पाड़ा आया हुआ था और संगमेश्वर महादेव के दर्शन के लिए गया था। वहीं जयेश भाणो का पाड़ा का निवासी था।

नाव की मोटर से पानी में किया वाइब्रेशन
मंगलवार से लगातार चल रहे रेस्क्यू ऑपरेशन के बावजूद दोनों के शव नहीं मिल पा रहे थे। ऐसे में गुरुवार को एसडीआरएफ टीम ने देसी तकनीक अपनाई। हादसे वाली जगह के करीब 100 मीटर क्षेत्र में नाव की मोटर चलाकर पानी में तेज वाइब्रेशन किया गया और साथ ही जाल डाला गया। वाइब्रेशन होने के बाद जयेश का शव पानी के ऊपर आया और जाल में फंस गया। इसके बाद लगातार चलाए गए सर्च ऑपरेशन के दौरान दोपहर करीब ढाई बजे मानव का शव भी पानी के ऊपर आ गया।

मंगलवार से चल रहा था रेस्क्यू ऑपरेशन
अरथूना थानाधिकारी विनोद कुमार ने बताया कि हादसे के बाद एसडीआरएफ और नागरिक सुरक्षा की टीम मौके पर पहुंच गई थी। स्थानीय लोगों और मछुआरों की मदद से लगातार तलाशी अभियान चलाया जा रहा था। बुधवार को भी पूरे दिन रेस्क्यू जारी रहा, लेकिन सफलता नहीं मिली। गुरुवार को दोबारा शुरू किए गए सर्च ऑपरेशन में पहले जयेश और फिर मानव का शव बरामद कर लिया गया। दोनों शवों को परतापुर अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया है।

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