उदयपुर। देश के सबसे व्यस्त राष्ट्रीय राजमार्गों में शामिल एनएच-48 रविवार को अचानक दहशत का पर्याय बन गया, जब ऋषभदेव थाना क्षेत्र में कागदर आवासीय स्कूल के सामने बने ओवरब्रिज से चलते वाहनों पर पत्थरों की बारिश होने लगी। ट्रक, रोडवेज बस और कारों पर हुए इस हमले ने कुछ मिनटों में ही हाईवे को खुले खतरे के ज़ोन में बदल दिया। बस में चीख-पुकार, यात्री सहमे डूंगरपुर डिपो की रोडवेज बस जैसे ही ओवरब्रिज के नीचे पहुंची, अचानक पत्थर बरसने लगे। कांच टूटने की आवाज से बस में बैठे यात्री घबरा गए, महिलाएं और बच्चे सहम गए। गनीमत रही कि कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन कुछ पल के लिए हालात बेकाबू हो गए। अनियंत्रित ट्रक सड़क से उतरा पत्थर लगने से एक ट्रक चालक संतुलन खो बैठा और ट्रक सड़क से उतर गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यदि ट्रैफिक ज्यादा होता तो बड़ा हादसा टलना मुश्किल था। ओवरब्रिज बना खतरे की जगह घटना के बाद सवाल उठ रहे हैं कि ओवरब्रिज जैसे संवेदनशील स्थान पर निगरानी क्यों नहीं? क्या पहले भी यहां असामाजिक तत्वों की गतिविधियां होती रही हैं?स्थानीय लोगों का कहना है कि शाम के समय यह इलाका अक्सर असुरक्षित हो जाता है। हाईवे पर जाम, गुस्से में चालक घटना से नाराज वाहन चालकों ने गाड़ियां रोक दीं और विरोध जताया, जिससे हाईवे पर कुछ देर के लिए लंबा जाम लग गया। सूचना पर ऋषभदेव थाना पुलिस मौके पर पहुंची और यातायात बहाल कराया। मानसिक रूप से कमजोर युवक पकड़ा, जांच जारी थानाधिकारी हेमंत अहारी ने बताया कि एक ट्रक चालक की सूचना पर एक युवक को पकड़ा गया है। प्रारंभिक तौर पर उसकी मानसिक स्थिति सामान्य नहीं लग रही है। हालांकि पुलिस यह मानकर चल रही है कि घटना में और लोग भी शामिल हो सकते हैं, सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation तीन दिवसीय ग्रामीण आवासीय वनशाला शिविर का शुभारंभ, 600 विद्यार्थियों को रवाना किया चार्टर्ड अकाउंटेंट्स अब राष्ट्र निर्माण से आगे ग्लोबल निर्माण की और अग्रसर है : राष्ट्रीय अध्यक्ष सीए चरणज्योत सिंह नंदा