24 News Update उदयपुर, 7 अप्रैल। जनगणना प्रपत्र में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) का अलग कॉलम शामिल नहीं किए जाने के विरोध में सर्व ओबीसी समाज महापंचायत ट्रस्ट (रजि.) उदयपुर के बैनर तले मंगलवार को कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर धरना-प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी कर अपनी मांगों को प्रमुखता से उठाया और सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। ट्रस्ट के संस्थापक दिनेश माली ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा करवाई जा रही जनगणना में 33 कॉलम के माध्यम से परिवारों की जानकारी ली जा रही है, लेकिन इनमें ओबीसी वर्ग के लिए अलग से कॉलम का प्रावधान नहीं है। इससे ओबीसी समाज की वास्तविक जनसंख्या का आंकलन संभव नहीं हो पाएगा, जिससे समाज में असंतोष है। उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लिए अलग कॉलम हैं, ऐसे में ओबीसी को इससे बाहर रखना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि जनसंख्या के आधार पर ही सरकार सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक योजनाएं तथा आरक्षण से जुड़ी नीतियां निर्धारित करती है। ऐसे में ओबीसी का सटीक आंकड़ा सामने नहीं आने से समाज को योजनाओं और प्रतिनिधित्व में नुकसान हो सकता है। दिनेश माली के नेतृत्व में सिटी मजिस्ट्रेट जितेंद्र ओझा को प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति, गृहमंत्री और भारत सरकार के जनगणना आयोग के नाम ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें ओबीसी के लिए अलग कॉलम जोड़ने की मांग की गई। समाज की ओर से चेतावनी दी गई कि यदि जनगणना में ओबीसी की पृथक गणना नहीं की गई तो आंदोलन को तेज किया जाएगा। आरक्षण और प्रतिनिधित्व को लेकर भी ज्ञापन एडवोकेट रतन लाल गुर्जर और महामंत्री सूर्य प्रकाश सुहालका ने बताया कि एक अन्य ज्ञापन आगामी पंचायत और नगर निकाय चुनावों में ओबीसी को सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के संबंध में सौंपा गया। ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि सुप्रीम कोर्ट ने ओबीसी आरक्षण के लिए ‘ट्रिपल टेस्ट’ प्रक्रिया अनिवार्य की है, जिसके तहत राज्य सरकार को ओबीसी वर्ग की सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक स्थिति का तथ्यात्मक अध्ययन कराना आवश्यक है। आरोप लगाया गया कि संबंधित विभागों द्वारा घर-घर सर्वेक्षण के बजाय औपचारिकता निभाते हुए अधूरी रिपोर्ट प्रस्तुत की जा रही है, जिससे आयोग को वास्तविक स्थिति की जानकारी नहीं मिल पा रही है। अध्यक्ष अन्य पिछड़ा वर्ग आयोग, मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव राजस्थान सरकार को भी ज्ञापन भेजकर स्थिति से अवगत कराया गया है। प्रदर्शन में रहे उपस्थित धरना-प्रदर्शन में रमाकांत अजारिया, सुखलाल साहू, तुलसीराम लोहार, पी.एस. पटेल, बालकृष्ण सुहालका, करोड़ी लाल पूर्बिया, भंवरलाल पूर्बिया, डी.पी. लक्षकार, कमलेश गुर्जर, दिवाकर माली, शंकरलाल गुर्जर, पर्था डांगी, मोहनलाल पटेल, खेमराज पटेल, रामलाल पटेल, सीएम टांक, अशोक मेवाड़ा, सोहनलाल सुहालका सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे। महिला संगठन की ओर से मणीबेन पटेल, गंगा देवी माली, पूजा टेलर, तारा पूर्बिया, कल्पना पूर्बिया, मांगी देवी डांगी, नर्मदा डांगी सहित अन्य महिलाएं भी शामिल रहीं। विभिन्न 40 जातियों के अध्यक्ष एवं पदाधिकारियों की भागीदारी बताई गई। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation विश्व नवकार महामंत्र दिवस की तैयारियां जोरो-शोरो से, फतह स्कूल ग्राउंड पर हुआ भूमि पूजन टाउन हॉल के पीछे कार में चल रही थी एमडीएमए की डील, डीएसटी व सूरजपोल थाना की संयुक्त कार्रवाई में 3 गिरफ्तार