15 दिन में जवाब नहीं देने पर होगी एकतरफा कार्यवाही 24 News Update उदयपुर। प्रदेश के कार्मिक विभाग ने पूर्व आईएएस एवं नगर निगम के तत्कालीन आयुक्त हिम्मत सिंह बारहठ को नोटिस जारी किया है। उन पर आरोप है कि उन्होंने कुछ लोगों को अनुचित लाभ पहुंचाने की नीयत से करोड़ों रुपये की पानेरियों की मादड़ी में स्थित यूडीए (तत्कालीन यूआईटी) की जमीन पर पट्टे जारी किए। नोटिस में 15 दिन के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है, अन्यथा एकतरफा कार्यवाही की जाएगी। इस मामले को उदयपुर शहर विधायक ताराचंद जैन ने विधानसभा में उठाया था, जिसके बाद जांच शुरू की गई। न्यायालय के आदेश के बावजूद पट्टे जारी जानकारी के अनुसार, पानेरियों की मादड़ी में स्थित यूडीए (तत्कालीन यूआईटी) खसरा नंबर 1163 की जमीन पर उच्च न्यायालय में एसएलपी विचाराधीन थी, जिसके चलते कोई कार्यवाही नहीं करने के निर्देश थे। इसके बावजूद नगर निगम के तत्कालीन आयुक्त हिम्मत सिंह बारहठ ने 2021-22 में शौकिन पितलिया, संध्या पितलिया और 2022-23 में मैसर्स ऑरबिट रियल मार्ट प्राइवेट लिमिटेड को इस जमीन पर पट्टे जारी कर दिए। मास्टर प्लान 2031 की अनदेखी नगर निगम आयुक्त हिम्मत सिंह बारहठ ने मास्टर प्लान 2031 के अनुसार आराजी नंबर 1163 पर प्रस्तावित 100 फीट चौड़ी सड़क की अनदेखी कर पट्टे जारी किए। मास्टर प्लान के तहत प्रस्तावित सड़क की भूमि पर आवासीय या वाणिज्यिक पट्टे जारी नहीं किए जा सकते, इसके बावजूद वाणिज्यिक पट्टे स्वीकृत कर दिए गए। उन्होंने सरकारी भूमि पर अतिरिक्त शुल्क वसूलते हुए 5890.49 वर्गफीट जमीन का आवंटन कर दिया। विधानसभा में उठा मामला उदयपुर शहर विधायक ताराचंद जैन ने विधानसभा में बताया कि इस भूमि का आवंटन बेहद कम कीमत पर किया गया। भूखंड 1-ए (887.76 वर्गफीट): 29,296 रुपये भूखंड 1-बी (887.76 वर्गफीट): 29,296 रुपये भूखंड 1-सी (4115 वर्गफीट): 1,35,994 रुपये जबकि इन जमीनों का वर्तमान मूल्य करोड़ों रुपये में आंका जाता है। विधायक जैन ने इस आवंटन को भ्रष्टाचार करार दिया और राज्य सरकार से कार्यवाही की मांग की। उच्चतम न्यायालय का आदेश उच्चतम न्यायालय ने सिविल अपील संख्या 722/2012 में 20 फरवरी 2024 को दिए गए आदेश में इस भूमि के आवंटन को नियम विरुद्ध मानते हुए इसे अतिक्रमण करार दिया है। न्यायालय ने इस भूमि को नगर विकास प्रन्यास (यूडीए) की संपत्ति माना है। दोबारा जारी हुआ नोटिस इस मामले में पहले भी पूर्व नगर निगम आयुक्त हिम्मत सिंह बारहठ को स्पष्टीकरण के लिए नोटिस भेजा गया था। 14 फरवरी को फिर से नोटिस जारी कर 15 दिन में जवाब देने को कहा गया है। यदि समय सीमा में जवाब नहीं दिया जाता, तो उनके खिलाफ एकतरफा कार्यवाही की जाएगी। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation ऋषभदेव से अलग कर पृथक कल्याणपुर पंचायत समिति की मांग जिला कलेक्टर तथा भाजपा नेताओं को सौंपे ज्ञापन अवैध गांजा जब्त, एक अभियुक्त गिरफ्तार