24 न्यूज अपडेट, उदयपुर। “मंदिर बन रहा है बाबा तुमको आना होगा…” जब उदयपुर की जानी-पहचानी भजन गायिका केमिता राठौड़ ने यह भजन सुनाया, तो आयोजन स्थल पर मौजूद हर भक्त की आंखें भर आईं और पूरा पांडाल ‘हारे के सहारे, जय श्री श्याम’ के उद्घोष से गूंज उठा। यह भावपूर्ण क्षण था श्री श्याम सेवा ट्रस्ट, उदयपुर द्वारा डबोक एयरपोर्ट रोड स्थित तुलसीदास सराय पर निर्माणाधीन खाटूश्याम मंदिर के गर्भगृह आधार शिला पूजन एवं कीर्तन का।ट्रस्ट अध्यक्ष शशिकांत खेतान ने बताया कि मंदिर निर्माण को एक वर्ष पूर्ण होने पर इस शुभ अवसर का आयोजन किया गया, जिसमें वृंदावन से पधारे आचार्य ब्रजेश जी महाराज और पं. अकलेश पंड्या के सान्निध्य में ट्रस्ट के प्रथम ट्रस्टीगण एवं गणमान्य लोगों द्वारा शिलाओं का पूजन कर उन्हें गर्भगृह में विधिवत स्थापित किया गया। यहां भगवान के चरण कमल निर्माणाधीन पांचों मंदिरों में प्रतिष्ठित किए जाएंगे।नयनाभिराम फूल बंगला दर्शनरात्रि 7:15 बजे से शुरू हुए फूल बंगला दर्शन में बाबा श्याम को कोलकाता, बेंगलुरु और जयपुर से आई मोगरे की मालाओं से सजे भव्य फूल बंगले में विराजमान किया गया। इस अवसर पर चित्तौड़गढ़ सांसद सी. पी. जोशी, विधायक फूल सिंह मीणा, जिला कलेक्टर, एडीएम, आईजी, डीआईजी, एसपी सहित जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में अखंड ज्योत प्रज्वलित की गई। रंग-बिरंगी जगमगाती लाइटों से सजे पूरे परिसर में भक्तों का उत्साह देखते ही बन रहा था। कोलकाता से पधारे संजू शर्मा ने “जाने कब आएगा मुझे अपना बनाएगा…”, “कीर्तन की है रात…” और “आएगा-आएगा-नीले घोड़े वाला सांवरा आएगा…” जैसे भजनों से माहौल को भक्तिरस से सराबोर कर दिया। उनकी पारंपरिक धमाल शैली ने श्रद्धालुओं को आनंदित कर झूमने पर मजबूर कर दिया। वहीं ओडिशा की शुभांगी सोनी ने “श्याम दीनानाथ कहना छोड़ दो…”, “कन्हैया तू हमारा साथी है…” और “मेरा आपकी कृपा से सब काम हो रहा है…” जैसे भावपूर्ण भजनों से समां बांध दिया। उनके भजनों पर श्रोता देर रात तक झूमते और नाचते रहे। निर्माणाधीन मंदिर की झलकशशिकांत खेतान ने बताया कि निर्माणाधीन मंदिर परिसर कुल 1 लाख 17 हजार वर्गफुट में फैला है। मुख्य मंदिर का फ्लोर एरिया 13,000 स्क्वायर फीट है, जबकि इसके नीचे 9,000 स्क्वायर फीट का विशाल सत्संग हॉल तैयार हो रहा है। मंदिर की ऊंचाई 91 फीट होगी, जो मुख्य हाईवे से 20 फीट ऊपर है, जिससे सड़क से भी मंदिर के दर्शन संभव होंगे। निर्माण में वही पत्थर उपयोग किए जा रहे हैं जो अयोध्या राम मंदिर में लगे हैं, जो बंसी भरतपुर से मंगवाए जा रहे हैं।प्रस्तावित निर्माण: गौशाला, वृद्धाश्रम और धर्मशालाट्रस्ट सचिव प्रताप गुप्ता के अनुसार, परिसर में पांच मंदिरों, सत्संग हॉल और कीर्तन स्थल के साथ-साथ एक गौशाला, 100 कमरों की धर्मशाला, वृद्धाश्रम और 30,000 स्क्वायर फीट का सुंदर उद्यान भी प्रस्तावित है। पूजन और भजनों के पश्चात बाबा श्याम के समक्ष तुलसी, पंचामृत, खीर, चूरमा और पारंपरिक व्यंजनों सहित छप्पन प्रकार के भोग अर्पित किए गए। देर रात आरती के बाद श्रद्धालुओं को भंडारे में प्रसाद वितरित किया गया।अपार श्रद्धा, अद्भुत आयोजनपूरे आयोजन में श्रद्धालुओं का उत्साह चरम पर था। उमस भरे मौसम और बीच-बीच में हो रही बारिश के बावजूद भक्तों की संख्या अपेक्षा से अधिक रही। ट्रस्ट द्वारा की गई व्यवस्थाएं सराहनीय रहीं। पांडाल के भीतर और बाहर श्रद्धालुओं का रेला देर रात तक बना रहा। इस भव्य आयोजन में आचार्य ब्रजेश जी महाराज ने भी भावपूर्ण भजन “आओ मनमोहन आओ नंदनंदना…” प्रस्तुत कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया। केमिता राठौड़ द्वारा प्रस्तुत भजन “किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार…” और “मंदिर बन रहा है बाबा तुमको आना है…” विशेष रूप से भावपूर्ण रहा, जिसने भक्तों और आयोजकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। यह आयोजन न केवल निर्माणाधीन मंदिर के गर्भगृह पूजन का एक आध्यात्मिक पर्व बना, बल्कि यह भक्तों की गहराई से जुड़ी आस्था और भक्ति का अभूतपूर्व संगम भी बन गया। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation लायन्स क्लब लेकसिटी ने किया निःशुल्क चरण पादुकाओं का वितरण उद्योगपति एवं समाजसेवी अशोक चित्तौड़ा का आकस्मिक निधन, अंतिम यात्रा आज शाम