24News Update जयपुर. राजस्थान के सबसे बड़े सवाई मानसिंह (SMS) मेडिकल कॉलेज के फोरेंसिक साइंस डिपार्टमेंट के हेड (HOD) और सीनियर प्रोफेसर डॉ. नंदलाल डिसानिया (58) ने फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। घटना बुधवार सुबह जयपुर के झोटवाड़ा थाना इलाके के अग्रसेन नगर की है। डॉ. डिसानिया के दामाद डॉ. सुरेश चौधरी भी एसएमएस हॉस्पिटल में न्यूरोसर्जन हैं। शुरुआती जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात को डॉ. डिसानिया के परिवार वाले एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। डॉक्टर घर पर अकेले थे। सुबह जब परिवार के सदस्य लौटे, तो कमरे का नजारा देखकर उनके होश उड़ गए। डॉ. डिसानिया कमरे में फंदे से लटके हुए थे। प्राइवेट हॉस्पिटल ले गए, डॉक्टरों ने मृत घोषित किया परिजनों ने आनन-फानन में उन्हें फंदे से नीचे उतारा और तुरंत खातीपुरा स्थित एक प्राइवेट हॉस्पिटल लेकर पहुंचे। तब तक काफी देर हो चुकी थी। वहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को SMS अस्पताल की इमरजेंसी लाया गया, जहां से उसे पोस्टमॉर्टम के लिए मॉर्च्युरी में शिफ्ट कर दिया गया। घटना की जानकारी मिलते ही मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के प्रशासनिक अधिकारियों सहित कई सीनियर डॉक्टर्स मॉर्च्युरी पहुंचे। डॉ. प्रियंका शर्मा, डॉ. ज्ञान प्रकाश गौड़, डॉ. श्वेता गोयल की टीम पोस्टमॉर्टम कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, मेडिकल बोर्ड के सदस्यों को डॉक्टर दिशानिया के हाथ और पीठ पर कुछ निशान दिखाई दिए हैं। दोस्त ने कहा- सुबह साढ़े पांच बजे बात हुई थी डॉ. डिसानिया के पारिवारिक दोस्त माधव सिंह ने बताया- डॉक्टर साहब पिछले 5-6 साल से रोज सुबह हमलोगों के साथ बैडमिंटन खेलते थे। मंगलवार सुबह भी बैडमिंटन खेलने आए थे। आज (बुधवार) वो नहीं आए थे। मैंने उनको सुबह 5:00 बजे कॉल करके नहीं आने का कारण पूछा था। माधव सिंह ने बताया कि सुबह करीब 6:00 उनकी बेटी ने भी डॉ. डिसानिया को फोन किया था। बेटी को SMS हॉस्पिटल में कुछ जांच करवाने थे। डॉक्टर डिसानिया ने उसे सुबह 9:00 बजे एसएमएस पहुंचने की बात कही थी। उन्होंने (डॉ. डिसानिया) बेटी से कहा था कि मैं वहीं मिल जाऊंगा। सुबह हमलोग हॉस्पिटल पहुंचे तो सुसाइड की जानकारी सामने आई। आर्थिक धोखाधड़ी का केस सूत्रों और करीबियों के मुताबिक, डॉ. डिसानिया के परिवार के एक सदस्य पर कुछ साल पहले आर्थिक धोखाधड़ी का केस दर्ज हुआ था। आशंका है कि कानूनी कार्रवाई और सामाजिक प्रतिष्ठा को लेकर वह पिछले काफी समय से लगातार गहरे मानसिक तनाव (डिप्रेशन) में थे। इस आत्मघाती कदम को लेकर फिलहाल परिवार के सदस्य कुछ भी बताने से बच रहे हैं। 30 साल का करियर डॉ. डिसानिया को एसएमएस मेडिकल कॉलेज में सेवाएं देते हुए करीब 30 साल हो चुके थे। उनका एक बेटा (जो खुद मेडिकल की पढ़ाई कर रहा है) और दो बेटियां हैं। झोटवाड़ा पुलिस जांच में जुटी झोटवाड़ा थाना पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। फिलहाल मॉर्च्युरी के बाहर पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। परिजनों के बयान और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद ही स्थिति पूरी तरह साफ हो पाएगी। मौके से कोई सुसाइड नोट मिला है या नहीं, इसकी अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading… Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation ट्रैफिक नियम तोड़ने पर रोकना पड़ा भारी: पुलिसकर्मी पर ऑटो चढ़ाकर फरार हुआ चालक