24 News Update सलूम्बर। सलूंबर सलुम्बर जिले के लसाड़िया उपखंड क्षेत्र के घाटा और लालपुरा गांवों में अज्ञात बीमारी के चलते पांच मासूमों की मौत से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। लगातार सामने आ रही मौतों के बाद ग्रामीणों में भय का माहौल है, वहीं प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सतर्क हो गया है।
जानकारी के अनुसार बच्चों को पहले हल्का बुखार और कमजोरी की शिकायत हुई, जिसके बाद परिजन उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन उपचार के बावजूद उनकी जान नहीं बच सकी। इन घटनाओं के बाद घाटा गांव के ग्रामीणों ने सोमवार को बीसीएमएचओ कार्यालय और उपखंड कार्यालय पर ज्ञापन सौंपकर तत्काल जांच और उचित चिकित्सा व्यवस्था की मांग की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए उपखंड अधिकारी दिनेश आचार्य मेडिकल टीम के साथ मौके पर पहुंचे। टीम ने प्रभावित परिवारों से जानकारी जुटाई और गांव में बीमार बच्चों व परिजनों के रक्त सहित अन्य सैंपल लिए। स्वास्थ्य विभाग ने दोनों गांवों में घर-घर सर्वे शुरू कर दिया है और बीमारी के कारणों का पता लगाने के लिए व्यापक जांच की जा रही है।
पांच मासूमों की हुई मौत
घटनाक्रम के अनुसार लालपुरा निवासी दीपक उर्फ माना मीणा (5) की 31 मार्च को बुखार आने के बाद मृत्यु हो गई। परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। इसी दिन पड़ोस में रहने वाली सीमा (3), पुत्री रामा मीणा की भी मामूली बुखार के बाद मौत हो गई।
इसके बाद रविवार को तीन और बच्चों की जान चली गई। घाटा निवासी राहुल (4), पुत्र लक्ष्मण मीणा को बुखार आने पर पहले धरियावद अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे जिला चिकित्सालय और फिर उदयपुर एमबी अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
घाटा गांव की काजल, पुत्री प्रकाश मीणा का निजी उपचार के दौरान घर पर ही निधन हो गया, जबकि लालपुरा निवासी माना मीणा के दूसरे पुत्र लक्ष्मण मीणा (7) की उदयपुर में उपचार के दौरान मृत्यु हो गई।
कलेक्टर ने लिया जायजा, दिए निर्देश
घटना की सूचना मिलते ही जिला कलेक्टर मोहम्मद जुनैद पी.पी. लालपुरा पहुंचे और मृतक बच्चों के परिजनों से मुलाकात कर पूरी जानकारी ली। उन्होंने चिकित्सा टीम से सर्वे और सैंपलिंग की स्थिति जानी और पूरे गांव में सघन सर्वे करने के निर्देश दिए।
इसके बाद कलेक्टर ने लसाड़िया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया, जहां जननी कक्ष, लेबर रूम, वार्ड, लैब और एक्स-रे मशीन की व्यवस्था का जायजा लेकर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जांच रिपोर्ट का इंतजार
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार फिलहाल बीमारी के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं और रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। एहतियात के तौर पर गांवों में मेडिकल टीम तैनात कर दी गई है और आसपास के घरों से भी सैंपल लिए जा रहे हैं।

