24 News Update उदयपुर। माकपा जिला कमेटी की मंगलवार को माछला मंगरा स्थित पार्टी कार्यालय शिराली भवन में हुई बैठक में राज्य सचिव मंडल सदस्य दुलीचंद मीणा ने कहा कि देश को स्मार्ट शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार की जरूरत है, लेकिन केंद्र और राज्य सरकार मिलकर जनता से स्मार्ट मीटर के नाम पर ‘स्मार्ट लूट’ की कोशिश कर रही हैं। बैठक की अध्यक्षता प्रताप सिंह देवड़ा ने की।
दुलीचंद मीणा ने आरोप लगाया कि राजस्थान में पहले से लगे डेढ़ करोड़ स्मार्ट मीटर हटाकर अदानी एंटरप्राइजेज के नए स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं, जिनकी लागत अरबों रुपये होगी। यह खर्च आम उपभोक्ताओं से प्रीपेड कनेक्शन, बढ़े हुए बिजली दरों और अन्य तरीकों से वसूला जाएगा। उन्होंने कहा कि देश के जिन राज्यों में स्मार्ट मीटर लगाए गए, वहां बिजली बिल तीन से पांच गुना तक बढ़ गए हैं। मोबाइल फोन की तरह पहले रिचार्ज करना होगा, एडवांस में कंपनियों को करोड़ों मिलेंगे और रिचार्ज खत्म होते ही बिजली सप्लाई बंद हो जाएगी। इससे बिजली विभाग के हजारों कर्मचारियों की नौकरियां भी खतरे में पड़ेंगी।
जिला सचिव राजेश सिंघवी ने कहा कि सरकार केवल मीटर नहीं बदल रही, बल्कि नागरिकों के विवेक पर भी हमला कर रही है। सार्वजनिक हित के नाम पर निजी मुनाफे का खेल चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस लूट और धोखे को रोकना लोकतंत्र और न्याय के लिए जरूरी है।
बैठक में उदयपुर बिजली उपभोक्ता संघर्ष समिति गठित करने, स्मार्ट मीटर व बिजली निजीकरण के विरोध में हस्ताक्षर अभियान और बिजली विभाग कार्यालय पर प्रदर्शन का निर्णय हुआ। साथ ही 15 जून को हुई पिछली जिला कमेटी बैठक में लिए गए निर्णयों की समीक्षा की गई और आने वाले दो माह में पार्टी एवं जन संगठनों की गतिविधियों पर चर्चा हुई।
आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, पानी, राशन, सरकारी और पुलिस की लूट, वनभूमि से विस्थापन और रोजगार की बदतर स्थिति पर आक्रोश व्यक्त करते हुए सितंबर माह में इन मुद्दों पर विशेष अभियान चलाने की घोषणा भी की गई। बैठक में राज्य कमेटी सदस्य एवं उदयपुर पार्टी के सह-प्रभारी विमल भगोरा, प्रभु लाल भगोरा, गुमान सिंह राव, प्रेम पारगी, हीरालाल सालवी, गणपति देवी और मोहम्मद निजाम मौजूद रहे।
स्मार्ट मीटर के नाम पर ‘स्मार्ट लूट’ का आरोप, उदयपुर में माकपा की बैठक में केंद्र-राज्य सरकार पर निशाना

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