24 News update अहमदाबाद। अहमदाबाद में गुरुवार को हुए भीषण प्लेन हादसे में जहां 241 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, वहीं एकमात्र जीवित बचे रमेश विश्वास कुमार ने अपनी आपबीती सुनाई। उनका कहना है कि उन्हें अब भी यकीन नहीं हो रहा कि वो कैसे जिंदा बच पाए।
रमेश फिलहाल अहमदाबाद सिविल अस्पताल में भर्ती हैं। शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अस्पताल पहुंचकर उनसे मुलाकात की और उनका हालचाल जाना। दोनों के बीच करीब 5-10 मिनट तक बातचीत हुई।
“लगा था मैं भी मरने वाला हूं…” — रमेश विश्वास
रमेश ने मीडिया को बताया —
“मुझे पता नहीं चला कैसे सब कुछ हुआ। टेक-ऑफ के 5-10 सेकंड बाद ही कुछ अजीब लगा। फिर ग्रीन और व्हाइट लाइट जलने लगी। अचानक तेज आवाज के साथ जोरदार धमाका हुआ और विमान नीचे गिर गया। मेरी सीट जिस हिस्से में थी, वो बिल्डिंग के निचले हिस्से से टकराई। आग ऊपर के हिस्से में लगी थी। शायद मैं दरवाजा टूटने से सीट समेत नीचे गिर गया। सामने खाली जगह दिखी तो जैसे-तैसे निकलने की कोशिश की।”
उन्होंने बताया कि उनकी आंखों के सामने ही दो एयर होस्टेस, एक अंकल-आंटी और अन्य यात्री जल रहे थे। इसके बाद वो खुद घटनास्थल से पैदल चलते हुए बाहर आए।
प्रधानमंत्री ने जाना हाल
पीएम मोदी ने अस्पताल जाकर रमेश विश्वास का हालचाल जाना। पीएम ने हादसे के बारे में पूछा और हौसला बढ़ाया। इस मुलाकात के दौरान रमेश ने बताया कि हादसे का पूरा घटनाक्रम कैसे हुआ और किस तरह वे किसी तरह बचकर बाहर निकले।
240 लोगों की मौत, डॉक्टर कॉलोनी भी चपेट में
गौरतलब है कि एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 (बोइंग 787 ड्रीमलाइनर) अहमदाबाद से लंदन जा रही थी। इसमें 242 लोग सवार थे।
- 169 भारतीय, 53 ब्रिटिश, 7 पुर्तगाली, 1 कनाडाई यात्री और 12 क्रू मेंबर सवार थे।
- हादसा अहमदाबाद सिविल हॉस्पिटल के पास एक बिल्डिंग से टकराकर हुआ, जिसमें डॉक्टर्स की कॉलोनी थी।
- हादसे के समय इमारत में 50-60 डॉक्टर मौजूद थे। इनमें से 15 से अधिक घायल हो गए।
बिल्कुल झुलस चुके शव
हादसे के बाद मिले ज्यादातर शव पूरी तरह झुलस चुके थे। राहत व बचाव दल को भी शवों की पहचान में कठिनाई हो रही है।
हादसे की जांच जारी
फिलहाल एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) ने हादसे की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती रिपोर्ट्स के मुताबिक टेक-ऑफ के दौरान तकनीकी गड़बड़ी की आशंका जताई जा रही है।

