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मेवाड़ के कृष्णधाम श्री सांवलियाजी मंदिर में भक्ति और प्रकाश का संगम, 11 हजार दीपों से जगमगाया मंदिर परिसर, गूंजे “जय सांवलियाजी” के जयकारे

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24 News Update चित्तौड़गढ़। मेवाड़ के प्रसिद्ध कृष्णधाम श्री सांवलियाजी मंदिर में मंगलवार को दीपावली का पर्व श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। सुबह से ही मंदिर परिसर में भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। शाम होते ही मंदिर परिसर दीपों की सुनहरी आभा से आलोकित हो उठा और वातावरण “जय सांवलियाजी” के जयकारों से गूंजता रहा।

11 हजार दीपों से सजा मंदिर परिसर
दीपावली की शाम मंदिर परिसर में 11 हजार दीपों का अलौकिक दृश्य देखने को मिला। दीवारों, गलियों और मंदिर के प्रांगण में दीपों की कतारें मानो आकाश में तारों की तरह चमक रही थीं। जैसे ही सभी दीप एक साथ प्रज्वलित हुए, पूरा परिसर स्वर्णिम रोशनी से भर गया। देशभर से आए श्रद्धालुओं ने भगवान श्री सांवलियाजी के समक्ष दीप जलाकर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।

पारंपरिक विधि से हुआ पूजन
मंदिर मंडल की CEO प्रभा गौतम ने बताया कि दीपावली के अवसर पर मंदिर के कार्यालय, भोजनशाला, गोशाला, मशीनरी और भंडार विभागों में पारंपरिक विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया गया। पडितों द्वारा मंत्रोच्चारण के साथ लक्ष्मी पूजन संपन्न हुआ।
इसके बाद मंदिर के पुजारियों और कर्मचारियों को तिलक लगाकर मिठाई वितरित की गई। सुरक्षा गार्डों ने भी सम्मान स्वरूप फायर किए, वातावरण में उत्सव और भक्ति का अनोखा संगम देखने को मिला। पूजन कार्यक्रम में मंदिर मंडल अध्यक्ष जानकीदास वैष्णव, अधिकारी, पुजारी, कर्मचारी
और सैकड़ों भक्तों ने भाग लिया। पूरे परिसर में शंख, घंटियों और भक्ति गीतों की गूंज देर रात तक सुनाई देती रही।

अन्नकूट महोत्सव आज
मंदिर मंडल अध्यक्ष जानकीदास वैष्णव ने बताया कि बुधवार, 22 अक्टूबर को मंदिर में अन्नकूट महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर भगवान श्री सांवलियाजी को अनेक प्रकार के व्यंजन भोग स्वरूप अर्पित किए जाएंगे। श्रद्धालुओं के लिए विशेष दर्शन एवं प्रसाद वितरण की व्यवस्था की गई है। देशभर से आए भक्तों ने कहा कि हर वर्ष सांवलियाजी में दीपावली का उत्सव अद्वितीय और आत्मिक अनुभव प्रदान करता है।

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