24 News Update बांसवाड़ा। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को उत्तर प्रदेश के वाराणसी में आयोजित समारोह के दौरान पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 20वीं किस्त देशभर के किसानों को जारी की। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने 9.7 करोड़ से अधिक किसानों को 20,500 करोड़ रुपये की राशि डीबीटी के माध्यम से उनके खातों में अंतरित की। इस कार्यक्रम से राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा बांसवाड़ा जिले के कॉलेज ग्राउंड में आयोजित राज्य स्तरीय किसान सम्मान समारोह से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े और प्रदेश के 76 लाख किसानों के खातों में 1,600 करोड़ रुपये की राशि भेजी।अपने संबोधन में प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि ‘‘कृषि और किसान कल्याण हमारे शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। वर्ष 2019 में आरंभ हुई पीएम किसान योजना के अंतर्गत अब तक देश के किसानों को 3.75 लाख करोड़ रुपये की सहायता सीधे उनके खातों में पहुंचाई गई है।’’ उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों के वादे केवल घोषणाओं तक सीमित रहते थे, जबकि वर्तमान सरकार अपने वचनों को धरातल पर उतार रही है।प्रधानमंत्री ने बताया कि हाल ही में स्वीकृत प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना के तहत 24 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इस योजना के अंतर्गत पिछड़े जिलों में कृषि क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जाएगा। उन्होंने बताया कि किसानों की फसल सुरक्षा के लिए फसल बीमा योजना, न्यूनतम समर्थन मूल्य में अभूतपूर्व वृद्धि, गोदामों का निर्माण और ड्रोन जैसी आधुनिक तकनीकों को गांवों तक पहुंचाया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने अपने उद्बोधन में हाल ही में सफल ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का भी उल्लेख किया और इसे आतंकवाद के विरुद्ध भारत की सख्त नीति का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि इस अभियान ने स्वदेशी हथियार प्रणालियों की ताकत और आत्मनिर्भर भारत के सामरिक संकल्प को दुनिया के सामने रखा। ब्रह्मोस मिसाइल, ड्रोन्स और एयर डिफेंस टेक्नोलॉजी की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा कि लखनऊ में ब्रह्मोस उत्पादन केंद्र जल्द ही शुरू हो रहा है। राज्य स्तरीय समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशभर के किसानों को नई उम्मीद और सम्मान मिला है। उन्होंने कहा कि राजस्थान के 76 लाख किसानों को 1,600 करोड़ रुपये की राशि भेजी गई है और अब तक राज्य के किसानों को 6,800 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत दी जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि को 9,000 रुपये तक बढ़ाया है और लक्ष्य है कि इसे आगामी वर्षों में 12,000 रुपये तक किया जाए। इसके साथ ही वर्ष 2025-26 में 35 लाख किसानों को 25,000 करोड़ रुपये का ब्याजमुक्त फसली ऋण वितरित किया जाएगा। 400 करोड़ रुपये की दीर्घकालिक कृषि ऋण सहायता भी दी जा रही है।गेहूं की सरकारी खरीद की बात करते हुए श्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों को एमएसपी के अतिरिक्त बोनस स्वरूप 450 करोड़ रुपये की राशि भी दी है। उन्होंने बताया कि पीएम कुसुम योजना के तहत राज्य में 1,500 मेगावाट सौर ऊर्जा उत्पादन की व्यवस्था की जा रही है, जिससे वर्तमान में 22 जिलों में किसानों को दिन में बिजली मिल रही है। आदिवासी कल्याण पर बल देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने टीएसपी फंड को बढ़ाकर 1,500 करोड़ रुपये किया है। 7 नए आश्रम छात्रावास, 3 आवासीय विद्यालय और 250 नए मां-बाड़ी केंद्र स्वीकृत किए गए हैं। मानगढ़ धाम को धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है और वीर बालिका कालीबाई जैसे ऐतिहासिक स्मारकों को भी संरक्षित किया जा रहा है।प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत मुख्यमंत्री ने बताया कि अब तक राज्य में 17 लाख 37 हजार पक्के मकान बनाए गए हैं और 7.12 लाख नए आवासों के लिए 8,544 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है। उन्होंने कहा कि “वर्ष 2047 तक विकसित राजस्थान का सपना तभी साकार होगा जब गांव समृद्ध, किसान खुशहाल और जनजातीय समाज सशक्त होगा।” समारोह के दौरान मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कृषि विभाग की पॉलीहाउस, सौर ऊर्जा पंप संयंत्र, तारबंदी, गोवर्धन जैविक उर्वरक योजना एवं प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना के लाभार्थियों को प्रतीकात्मक चेक सौंपे। साथ ही 137 करोड़ रुपये की डीबीटी राशि किसानों को हस्तांतरित की गई। प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को प्रतीकात्मक चाबी सौंपी गई और सरस बूथ एवं सरस मिनी मार्ट आवंटन पत्र भी वितरित किए गए।इस अवसर पर जनजाति क्षेत्रीय विकास मंत्री श्री बाबू लाल खराड़ी, पशुपालन मंत्री श्री जोराराम कुमावत, सहकारिता राज्य मंत्री श्री गौतम कुमार दक, विधायक श्री कैलाश मीना, श्री शंकर लाल डेचा, जिला प्रमुख श्रीमती रेशम मालवीया सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation नीमच-बांसवाड़ा-दाहोद-नंदुरबार नई लाइन के फाइनल सर्वे को रेल मंत्रालय की स्वीकृति, दिल्ली-मुंबई के बीच तैयार होगा सबसे छोटा वैकल्पिक रूट बांसवाड़ा: ग्रेनाइट से भरा ट्रक पलटा, 3 मजदूरों की मौत, 5 घायल