(‘महामहिम’ कटारिया का रौद्र रूप, ज्ञापन देने मंच पर आए वसुंधरा मंच अध्यक्ष 74 साल के विजय सुहालका को हड़काया-हटवाया, सुहालका ने कहा मैं जनसंघ के जमाने का कार्यकर्ता, अपमान सहन नहीं करूंगा…..) 24 न्यूज अपडेट उदयपुर। सुखाड़िया रंगमंच टाउन हॉल पर सुंदरसिंह भण्डारी चेरिटेबल ट्रस्ट की ओर से सुंदरसिंह भण्डारी और डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी की पुण्यतिथि पर व्याख्यानमाला चल रही है। इसमें मंच पर मुख्य अतिथि असम के महामहिम राज्यपाल गुलाबंचद कटारिया हैं व मुख्य वक्ता पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे विराजे हैं। राजनीति में धुर विरोधी रहे कटारिया और वसुंधरा का एक समय पर एक मंच पर होना ही बड़ी पॉलिटिकल खबर है लेकिन कार्यक्रम के दौरान एक और वाकया हो गया। वरिष्ठ संघनिष्ठ अधिवक्ता विजयलाल सुहालका कार्यक्रम के दौरान अचानक वसुंधरा का स्वागत करने व ज्ञापन देने अपनी बैसाखी का सहारा लेते हुए मंच पर आ गए। वे वसुंधरा राजे की ओर बढ़े तभी महामहिम को यह सब नागवार गुजरा व हॉट टॉक हो गई। महामहिम उठे व उन्हें जमकर हड़काया। बाद में सुरक्षाकर्मियों ने लगभग धकियाते हुए पुराने संघ के कार्यकर्ता रहे विजयलाल सुहालका को मंच के एक छोर से नीचे की ओर भेज दिया। यह कार्यक्रम भाजपा को मजबूत का जड़ों को सींचने वाले दो महामनिषियों का था और उसमें भी पुराने जनसंघ के जमाने के कार्यकर्ता से इस तरह का व्यवहार वहां मौजूद कई लोगों को रास नहीं आया। वीडियो वायरल हो गया। लोगों ने कहा कि पुराने व वरिष्ठ कार्यकर्ता की भावना का सम्मान रखा जाना चाहिए था और प्रोटोकॉल से परे जाकर महामहिम को भी अपने पुराने :भाई साहब‘ वाले रोल में नहीं आना था। मंच पर कोई अपना आ गया है तो उसे ससम्मान वापस भी भेजा जा सकता है, तेवर दिखाने की जरूरत ही नहीं थी।इस बारे में जब 24 न्यूज अपडेट ने वकील साहब विजयलाल सुहालका से बात की तो वे खासे नाराज व क्रोधित दिखाई दिए। उन्होंने कहा कि गुलाबचंद कटारिया बरसों से मुझसे जलते हैं क्योंकि मैं उनके विरोधी गुट का हूं। मैं उदयपुर वसुंधरा मंच का अध्यक्ष हूं। मैंने जनसंघ के जमाने से पार्टी के लिए काम किया है। कोई मुझसे ऐसा बर्ताव नहीं कर सकता। मंच पर गुलाबजी मुझे जानते हैं, वसुंधराजी मुझे जानती हैं,,,मुझे ज्ञापन देना था व स्वागत करना था, मैं थोड़ा सा लेट हो गया। इस बीच एक बालक आया और वसुंधराजी को पगड़ी पहना रहा था तो मैं भी चला गया। गुलाबजी बार-बार कह रहे थे कि डिस्टर्ब कर दिया….डिस्टर्ब कर दिया। अरे भाई, मैंने उनको क्या डिस्टर्ब कर दिया। गजब की बात है। गुलाबजी मेरे विरोधी हैं क्योंकि मैं वसुंधरा मंच का अध्यक्ष हूं। वसुंधराजी ने मुझसे कहा कि बाद में ज्ञापन ले लूंगी, उनके पीए ने भी यही आश्वासन दिया। मैं कितना सीनियर हूं यह देखना चाहिए था। में 1967 से जनसंघ के जमाने से हूं, चेयरमैनशिप किया है मैंने अटलजी के साथ….ये बात शांतिलालजी चपलोत भी जानते हैं वो भी एडवोकेट हैं। मैं इस अपमान के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाउंगा और 153 (3) में भी दूंगा। अपणा पूरा एडवोकेट का संगठन भी है ये भी याद रखें। मुझे रोक दिया, मेरे पांव में फ्रेक्चर है। मेरी उम्र 74 साल है। कहीं गिर जाता तो क्या करते ये लोग? Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation एनटीए ने एग्जाम से 11 घंटे पहले दी शॉकिंग न्यूज, कल होने वाली परीक्षा स्थगित वसुंधरा ने किस पर किया हमला??????? कहा- -जिनकी उंगली पकड़़ चलना सीखते हैं, उनकी उंगली काटने की कोशिश करते हैं…..