पहले दादी को मारना चाहता था युवक, सफल नहीं हुआ तो दूर के रिश्ते की दादी की कर दी हत्या
सलूंबर के वास गांव में 10 दिन पहले हुई वृद्धा की सनसनीखेज हत्या के मामले का आज पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने वृद्धा के ही दूर की रिश्तेदारी में पौत्र लगने वाले युवक को इस मामले में गिरफ्तार किया हैं। व्यापार में घाटा हो जाने के बाद युवक ने सबसे पहले अपनी ही दादी की हत्या की योजना बनाई लेकिन सफल नहीं होने पर दूर की रिश्तेदारी में दादी लगने वाली वृद्धा को मौत के घाट उतार कर उसके गहने छीन लिए। पुलिस ने बताया कि हत्या के मामले में 23 वर्षीय नरेश पुत्र शांति लाल नागदा को गिरफ्तार किया गया है। नरेश मुंबई में कबाड़ का काम करता था। वहां पर भी कोई मामला होने के बाद अपने गांव वासा आ गया ओर कबाड़ी का काम करने लगा। उसने गहने पाने के लिए मृतका धोलीबाई की हत्या कर दी। नरेश स्वाभाव से बदमाश और अय्याश है। नरेश इतना शातिर है कि वृद्धा की हत्या के बाद वह दाह संस्कार और उठावने में शामिल हुआ ताकि किसी को भनक नहीं लगे। हत्या के बाद उसने गींगला में होटल में कमरा लिया और एक दिन गर्लफ्र्रेंड के साथ रहा। एसपी अरशद अली ने बताया कि सलूंबर में जिला बनने के बाद यह पहली ऐसी सनसनीखेज वारदात थी इसलिए पुलिस ने बहुत मुस्तैदी के साथ काम किया और सभी पक्षों की छानबीन के बाद शक की सूई नरेश पर गई। साइबर टीम की भी मामले के खुलासे में मदद ली गई। आपको बता दें कि गिंगला थाना क्षैत्र के वासा गांव के धूलजी नागदा ने पुलिस को रिपोर्ट दी थी कि उनकी उम्र 75 वर्षीय पत्नी दोली बाई भैंस चराने गई और शाम तक नहीं लौटी। सुबह उनका शव झामरी नदी क्षेत्र के पुल के पास खेत में पड़ा हुआ मिला।

