उदयपुर, 8 मार्च। महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमपीयूएटी) के कुलगुरु प्रो. डॉ. प्रताप सिंह ने रविवार को राजस्थान कृषि महाविद्यालय परिसर स्थित स्वामी विवेकानन्द पीजी छात्रावास का औचक निरीक्षण कर छात्रावास की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से सुना तथा व्यवस्थाओं में सुधार के निर्देश भी दिए।
निरीक्षण के दौरान मुख्य छात्रावास प्रबंधक डॉ. हरी सिंह ने कुलगुरु का स्वागत किया। इस अवसर पर पीजी छात्रावास प्रबंधक डॉ. विनोद साहरन और डॉ. अभय दशोरा भी उपस्थित रहे। कुलगुरु ने छात्रावास परिसर, कमरों की स्थिति, स्वच्छता व्यवस्था, पेयजल, सुरक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं का विस्तार से निरीक्षण किया।
कुलगुरु प्रो. डॉ. प्रताप सिंह ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि छात्रों को बेहतर आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराना विश्वविद्यालय की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि यदि कहीं भी कमियां पाई जाती हैं तो उन्हें जल्द से जल्द दूर कर विद्यार्थियों को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराया जाए।
इस दौरान छात्रावास प्रबंधन ने कुलगुरु को वर्तमान व्यवस्थाओं और छात्रों के हित में किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी। कुलगुरु ने विद्यार्थियों से अनौपचारिक बातचीत करते हुए उनके अनुभव और सुझाव भी जाने।
विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कुलगुरु ने कहा कि विश्वविद्यालय केवल शैक्षणिक उत्कृष्टता तक सीमित नहीं है, बल्कि छात्रों के समग्र व्यक्तित्व विकास के लिए भी प्रतिबद्ध है। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन बनाए रखने, स्वच्छता का ध्यान रखने और पढ़ाई के साथ-साथ खेल, सांस्कृतिक एवं अन्य रचनात्मक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करने का आह्वान किया।
निरीक्षण के बाद कुलगुरु ने छात्रावास में विद्यार्थियों के साथ भोजन भी किया। इस दौरान उन्होंने छात्रों से अनौपचारिक चर्चा करते हुए उनके अनुभव सुने। कुलगुरु को अपने बीच पाकर छात्रों में विशेष उत्साह और आत्मीयता का माहौल देखने को मिला।
अंत में डॉ. अभय दशोरा ने कुलगुरु का छात्रावास पधारने और विद्यार्थियों की समस्याओं को सुनने के लिए आभार व्यक्त किया। कुलगुरु के इस औचक निरीक्षण से छात्रों में सकारात्मक उत्साह देखने को मिला और उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन की इस पहल की सराहना की।
राम नारायण कुम्हार, मीडिया प्रकोष्ठ एवं सह जनसंपर्क अधिकारी ने यह जानकारी दी।

