24 News Update जयपुर। जयपुर स्थित राजस्थान विधानसभा को बम से उड़ाने की सोमवार को मिली धमकी आखिरकार झूठी साबित हुई। सुरक्षा एजेंसियों के करीब तीन घंटे चले सघन सर्च ऑपरेशन के बाद परिसर में कोई भी संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। इसके बाद पुलिस प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने राहत की सांस ली।
ईमेल से मिली धमकी, 12 बजे विस्फोट का दावा
जानकारी के अनुसार सुबह 9:09 बजे विधानसभा को ईमेल के जरिए धमकी दी गई थी। संदेश में दोपहर 12 बजे परिसर में “5 सिलिकॉन बेस आरडीएक्स बम” फटने की बात लिखी गई थी और वीआईपी को तुरंत बाहर निकालने की चेतावनी दी गई थी। सूचना मिलते ही विधानसभा प्रशासन ने तुरंत पुलिस को अलर्ट किया।
परिसर खाली, तीन घंटे चला सर्च ऑपरेशन
धमकी के बाद एहतियातन पूरे विधानसभा परिसर को खाली कराया गया। मौके पर पुलिस, बम निरोधक दस्ता (बीडीएस), एटीएस, एसडीआरएफ और दमकल विभाग की टीमें पहुंचीं और हर हिस्से की बारीकी से तलाशी ली गई। करीब तीन घंटे चले ऑपरेशन के बाद कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिलने पर स्थिति सामान्य घोषित की गई।
तीसरी बार मिली धमकी, सुरक्षा और कड़ी
गौरतलब है कि पिछले दो सप्ताह में यह तीसरी बार है जब विधानसभा को बम से उड़ाने की धमकी मिली है। इससे पहले भी दो बार इसी तरह की चेतावनियां मिल चुकी हैं, जो जांच में फर्जी साबित हुई थीं। लगातार मिल रही धमकियों को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी गई है।
नेता प्रतिपक्ष को प्रवेश से रोका, किया तंज
धमकी के दौरान सुरक्षा कारणों से विधानसभा में प्रवेश पूरी तरह रोक दिया गया। इस दौरान नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और अन्य विधायक भी परिसर पहुंचे, लेकिन उन्हें अंदर जाने की अनुमति नहीं दी गई।
इस पर जूली ने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा कि अंदर कुत्ते बम ढूंढ रहे हैं और हम बाहर छाया ढूंढ रहे हैं। उन्होंने तंज करते हुए यह भी कहा कि अभी तक धमकी देने वाले का कोई सुराग नहीं मिला है।
जांच में जुटी साइबर और सुरक्षा एजेंसियां
पुलिस ने मामला दर्ज कर ईमेल भेजने वाले की पहचान के लिए साइबर टीमों को लगा दिया है। आईपी एड्रेस और तकनीकी पहलुओं के जरिए आरोपी तक पहुंचने के प्रयास किए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि बार-बार मिल रही धमकियों को गंभीरता से लेते हुए हर एंगल से जांच की जा रही है।

