24 News Update उदयपुर | कन्हैयालाल हत्याकांड पर बनी फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’ की रिलीज़ पर रोक लगाए जाने के बाद मृतक कन्हैयालाल की पत्नी जशोदा देवी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर फिल्म को रिलीज़ करने की अनुमति देने की मांग की है। जशोदा देवी ने पत्र में लिखा कि “मैंने खुद यह फिल्म देखी है, इसमें कुछ भी गलत नहीं है। यह तो मेरे पति की हत्या की सच्ची कहानी है। तीन साल पहले मेरी आंखों के सामने मेरा संसार उजड़ गया और अब वही लोग अदालत जाकर इस फिल्म को रुकवा रहे हैं।” उन्होंने आगे लिखा कि “बच्चे बता रहे हैं कि फिल्म पर अब मोदी सरकार फैसला करेगी। आपको तो पता ही है हमारे साथ कितना अन्याय हुआ। अब वही लोग अदालत में जा रहे हैं जिन्होंने कन्हैयालाल को मारा था। पूरी दुनिया को सच जानने का हक़ है। मैं प्रधानमंत्री से अपने दोनों बेटों के साथ मिलने का समय चाहती हूं।”
2 दिन पहले हाईकोर्ट ने लगाई थी फिल्म पर रोक
दिल्ली हाईकोर्ट ने 2 दिन पहले फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’ की रिलीज़ पर अंतरिम रोक लगाई थी। जस्टिस डी.के. उपाध्याय और जस्टिस अनीश दयाल की बेंच ने जमीयत उलेमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी समेत तीन याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। कोर्ट ने निर्देश दिया कि केंद्र सरकार सिनेमैटोग्राफ अधिनियम की धारा 6 के तहत एक सप्ताह में याचिकाकर्ता के आवेदन पर निर्णय ले। तब तक फिल्म की रिलीज़ पर रोक बनी रहेगी। याचिकाकर्ताओं ने दलील दी थी कि फिल्म देश में मुसलमानों की छवि खराब करने वाली है और इससे सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ सकता है। फिल्म की रिलीज़ पर रोक के बाद कन्हैयालाल के बेटे यश तेली ने नाराजगी जताते हुए कहा था कि “एक तरफ फिल्म पर रोक की सुनवाई और फैसला इतनी जल्दी हो जाता है, जबकि मेरे पिताजी के हत्यारों को तीन साल बाद भी सजा नहीं मिल पाई। हमारा केस अब भी पेंडिंग पड़ा है, न्याय कब मिलेगा?”
ऐसी थी हत्या — दुकान में घुसकर गला काटा
गौरतलब है कि 28 जून 2022 को कन्हैयालाल की उनके उदयपुर स्थित दर्जी की दुकान में निर्मम हत्या कर दी गई थी। आरोपियों मोहम्मद रियाज अत्तारी और गौस मोहम्मद ने धारदार हथियार से गला रेत कर वारदात को अंजाम दिया था। एनआईए ने इस मामले में पाकिस्तान के कराची निवासी सलमान और अबू इब्राहीम को फरार बताते हुए 11 आरोपियों के खिलाफ अदालत में चार्जशीट पेश की थी। इनमें मुख्य आरोपी रियाज और गौस के अलावा मोहसिन, आसिफ, मोहम्मद मोहसिन, वसीम अली, फरहाद मोहम्मद शेख उर्फ बबला, मोहम्मद जावेद और मुस्लिम मोहम्मद शामिल थे।
दो आरोपियों को अब तक मिली जमानत
अब तक इस मामले में दो आरोपियों को जमानत मिल चुकी है। 5 सितंबर 2024 को हाईकोर्ट ने आरोपी मोहम्मद जावेद को जमानत दी। उस पर रियाज के साथ साजिश रचने का आरोप था। इससे पहले 1 सितंबर 2023 को एनआईए कोर्ट ने फरहाद मोहम्मद उर्फ बबला को जमानत दी थी। उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज था।
हत्यारे आज़ाद घूम रहे, हमारी आवाज़ दबाई जा रही’ — पीएम से मुलाकात का वक्त मांगा

Advertisements
