24 News Update उदयपुर। मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय के सामाजिक विज्ञान एवं मानविकी महाविद्यालय (आर्ट्स कॉलेज) की बदहाल व्यवस्थाओं का एक और मामला सामने आया है। शनिवार सुबह अंग्रेजी विभाग की लैब के पास बने वॉशरूम की छत का हिस्सा गिर गया, जिससे बड़ा हादसा होते-होते टल गया। गनीमत यह रही कि इस समय विश्वविद्यालय में ग्रीष्मावकाश के चलते छात्र उपस्थिति नहीं थी, अन्यथा कोई बड़ा अनहोनी हो सकती थी। छात्रों और कर्मचारियों का कहना है कि इस वॉशरूम की हालत लंबे समय से खराब है। मार्बल की स्लैबें टूटी हुई हैं और पूरी छत झरझर अवस्था में है। कई बार अधिष्ठाता और महाविद्यालय प्रशासन से इसकी मरम्मत के लिए आग्रह किया गया, मगर अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई।
पर्यावरण सुरक्षा के नाम पर इलेक्ट्रिक रिक्शे कबाड़ में
इसके साथ ही परिसर में पर्यावरण संरक्षण के नाम पर लाखों रुपये खर्च कर लाए गए इलेक्ट्रिक रिक्शे भी बेकार पड़े हैं। कभी परिसर को प्रदूषण मुक्त करने के उद्देश्य से शुरू की गई यह योजना आज बदहाल हो चुकी है। सभी रिक्शे विश्वविद्यालय सभागार के पीछे कचरे में फेंके हुए नजर आ रहे हैं। छात्रों और कर्मचारियों का कहना है कि इस योजना की शुरुआत के समय तस्वीरें खिंचवाकर रिपोर्ट भेजी गई और प्रचार किया गया कि परिसर प्रदूषण मुक्त बन गया है। लेकिन आज स्थिति जस की तस है। संबंधित विभागों की लापरवाही से सरकारी पैसों के दुरुपयोग और छात्रों की सुरक्षा से खिलवाड़ का आरोप लगाते हुए विद्यार्थियों और शिक्षकों ने मांग की है कि खराब वॉशरूम की तत्काल मरम्मत की जाए। इलेक्ट्रिक रिक्शों को पुनः चालू कर परिसर में परिचालन सुनिश्चित किया जाए। जिन अधिकारियों की लापरवाही से ये हालात बने, उन पर जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाए। परिसर की स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए।

