24 News update शिमला | कांग्रेस नेता सोनिया गांधी का शनिवार को अचानक ब्लड प्रेशर बढ़ गया, जिसके बाद उन्हें इलाज के लिए शिमला के इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (IGMC) अस्पताल ले जाया गया। वहां वे करीब दो घंटे रहीं, जहां डॉक्टरों की एक विशेष टीम ने उनकी जांच की। चेकअप के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई और वे अपनी गाड़ी से फार्म हाउस लौट गईं। IGMC के सीनियर मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. राहुल राव ने बताया कि सोनिया गांधी रूटीन जांच के लिए अस्पताल आई थीं। विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने उनकी सभी आवश्यक जांचें कीं, जिसके बाद उनकी हालत स्थिर पाई गई। वहीं, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने भी कहा कि सोनिया गांधी को कुछ मामूली स्वास्थ्य समस्याएं थीं और वे अब बिल्कुल ठीक हैं। सोनिया गांधी 2 जून को शिमला पहुंची थीं और वे यहां छराबड़ा स्थित फार्म हाउस में ठहरी हुई हैं, जो उनकी बेटी प्रियंका गांधी का है। प्रियंका दो सप्ताह पहले ही शिमला पहुंच गई थीं। गांधी परिवार अक्सर गर्मियों में छुट्टियां मनाने के लिए इस फार्म हाउस में आता है, जो पहाड़ी शैली में बना हुआ है और जहां से हिमालय की बर्फीली चोटियां नजर आती हैं। इससे पहले भी सोनिया गांधी की तबीयत कई बार बिगड़ चुकी है। मार्च 2024 में उन्हें बुखार की शिकायत पर दिल्ली के गंगाराम अस्पताल में भर्ती किया गया था। इसी साल जनवरी 2024 में वायरल इन्फेक्शन के चलते उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा था। जून 2022 में भी वे कोरोना संक्रमण के कारण गंगाराम अस्पताल में भर्ती हुई थीं। सोनिया गांधी का पूरा नाम अन्टोनिया एड्विज अल्बीना मैनो है। उनका जन्म 9 दिसंबर 1946 को इटली के लुसियाना में हुआ था। 1965 में उनकी मुलाकात राजीव गांधी से इंग्लैंड में हुई थी। इसके तीन साल बाद, 1968 में उन्होंने हिन्दू रीति-रिवाजों से शादी की और भारत आ गईं। राजीव गांधी और सोनिया गांधी शुरू में राजनीति से दूर रहे। राजीव पायलट थे और सोनिया घरेलू जीवन में व्यस्त थीं। 1984 में इंदिरा गांधी की हत्या के बाद राजीव प्रधानमंत्री बने, लेकिन सोनिया तब भी सार्वजनिक रूप से सक्रिय नहीं हुईं। 1991 में राजीव गांधी की हत्या के बाद भी उन्होंने राजनीति से दूरी बनाए रखी। 1997 में सोनिया गांधी कांग्रेस की प्राथमिक सदस्य बनीं और 1998 में पार्टी अध्यक्ष बन गईं। उन्होंने पार्टी को फिर से संगठित किया और 2004 के लोकसभा चुनावों में कांग्रेस को सत्ता में वापस लाने में निर्णायक भूमिका निभाई। उस समय उन्होंने स्वयं प्रधानमंत्री बनने से इनकार कर दिया और मनमोहन सिंह को यह जिम्मेदारी सौंपी। सोनिया गांधी के नेतृत्व में सरकार ने कई ऐतिहासिक कदम उठाए जैसे मनरेगा और RTI कानून। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र में 2007 में महात्मा गांधी पर भाषण दिया और उसी साल 2 अक्टूबर को अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस घोषित हुआ। वे कई बार फोर्ब्स की दुनिया की सबसे ताकतवर महिलाओं की सूची में शामिल रहीं। 2014 के चुनावों में कांग्रेस की हार के बाद उन्होंने अध्यक्ष पद छोड़ा। 2024 में सोनिया गांधी राज्यसभा सांसद बनीं और अभी भी सक्रिय राजनीति का हिस्सा हैं। फिलहाल सोनिया गांधी शिमला में अपने निजी फार्म हाउस पर आराम कर रही हैं और डॉक्टरों की सलाह के अनुसार उनकी नियमित देखभाल की जा रही है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation भारत गौरव ट्रेन से छत्रपति शिवाजी महाराज के गौरवशाली इतिहास की यात्रा, 9 जून से मुंबई से होगी रवाना रिंकू और प्रिया की सगाई में भावनाओं का संगम: पारिवारिक माहौल में हुए भावुक पल, नेताओं-खिलाड़ियों ने दी शुभकामनाएं