24 News Update. मंडफिया/चित्तौड़गढ़।नववर्ष 2026 के स्वागत और 31 दिसंबर के विशेष अवसर को लेकर मेवाड़ के आराध्य भगवान श्री सांवलिया सेठ का प्रसिद्ध मंदिर इस समय भक्ति, सौंदर्य और सुगंध से सराबोर हो उठा है। नए साल के आगमन से पूर्व ही मंदिर परिसर को इस तरह भव्य रूप से सजाया गया है कि दर्शनार्थी प्रवेश करते ही एक अलौकिक और आध्यात्मिक अनुभूति महसूस कर रहे हैं। मंदिर परिसर की सजावट में चार लाख से अधिक ताजे फूलों का उपयोग किया गया है। रंग-बिरंगे, खुशबूदार फूलों से सजा सिंहद्वार, कॉरिडोर और गर्भगृह नववर्ष की आस्था और उल्लास का प्रतीक बन गया है।चार लाख फूलों से महका मंदिर परिसरसजावट के लिए रोज़ेस, ऑर्किड्स, हेलिकोनिया, लिलीज, ब्लू डेज़ी, जिप्सोफेलिया, ग्लैडियोलस, एंथुरियम, डिशबर्ड और क्रिसेंथिमम जैसे दुर्लभ और आकर्षक फूलों का चयन किया गया है। रंग-संतुलन और दृश्य सौंदर्य को ध्यान में रखते हुए हर कोने को सजाया गया है। इसके साथ ही लगभग दो क्विंटल पत्तियों और मालाओं का भी उपयोग किया गया, जिससे परिसर में हरियाली और ताजगी बनी हुई है। गर्भगृह से सिंहद्वार तक पुष्प-वर्षा की छटामंदिर के सिंहद्वार से लेकर मुख्य कॉरिडोर और गर्भगृह तक ताजे फूलों से विशेष सजावट की गई है। गर्भगृह में फ्रेश फ्लावर डेकोरेशन पर विशेष ध्यान रखा गया है, ताकि दर्शन के दौरान भक्तों को पवित्र और मनोहारी वातावरण का अनुभव हो। फूलों से झूमर बनाए गए हैं, वहीं विस्टोरिया, मेपल पत्तियों और ऊन की बॉल से कॉरिडोर को सजाया गया है। देश-विदेश से मंगवाए गए विशेष फूलश्री सांवलिया सेठ मंदिर की इस भव्य सजावट के लिए फूल पुणे, दिल्ली, पश्चिम बंगाल के साथ-साथ थाईलैंड से भी मंगवाए गए हैं। थाईलैंड से डिशबर्ड, हेलिकोनिया और एंथुरियम जैसे विशेष फूल लाए गए हैं। सजावट में हाथी, हिरण और मोर के आकर्षक आर्टिकल्स भी लगाए गए हैं, जो प्राकृतिक सौंदर्य और आध्यात्मिक भाव को और सशक्त बनाते हैं। मंत्रों, झंडों और सनातन प्रतीकों से सजा धाममंदिर परिसर में विभिन्न झंडे लगाए गए हैं, जिन पर गायत्री मंत्र, गणेश स्तोत्र और माताजी के श्लोक अंकित हैं। इससे पूरा परिसर सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक ऊर्जा से ओत-प्रोत नजर आ रहा है। राजस्थानी छजरिया, बंगाल से मंगवाए गए टेंपास और तालपाम आर्टिकल्स सजावट को विशिष्ट पहचान दे रहे हैं। श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को ध्यान में रखकर की गई सजावटएडीएम प्रभा गौतम ने बताया कि सांवलिया सेठ के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था निरंतर बढ़ रही है। पिछले वर्ष नववर्ष पर लगभग 15 लाख श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे थे। इस वर्ष भी 25 दिसंबर से ही भीड़ बढ़ने लगी है। श्रद्धालुओं को दर्शन के दौरान एक फ्रेश, सुगंधित और आध्यात्मिक माहौल मिले, इसी उद्देश्य से यह विशेष सजावट की गई है। सेल्फी प्वाइंट बने आकर्षण का केंद्रनववर्ष को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर में कई आकर्षक सेल्फी प्वाइंट भी तैयार किए गए हैं। फूलों की खुशबू और रंगीन सजावट के बीच श्रद्धालु यादगार पल कैमरे में कैद करते नजर आ रहे हैं। नववर्ष के अवसर पर आने वाले दिनों में लाखों श्रद्धालुओं के सांवलिया सेठ धाम पहुंचने की संभावना है। ऐसे में यह भव्य पुष्प-सज्जा श्रद्धालुओं के लिए आस्था, सौंदर्य और अध्यात्म का संगम बन गई है। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation नववर्ष-2026 पर श्री सांवलिया सेठ मंदिर, मण्डफिया में विशेष दर्शन एवं सुरक्षा व्यवस्था सांवलिया सेठ के मंगला दर्शन से की लाखों श्रद्धालओं ने नववर्ष की शुरूआत