कविता पारख
24 News Update निम्बाहेड़ा। हजरत केली वाले बाबा साहब (र.अ.) के सालाना उर्स का आगाज़ गुरुवार को चादर शरीफ के जुलूस के साथ हुआ। सदर हाजी आमीन खान उर्फ भूरू जागीरदार ने बताया की तीन दिवसीय उर्स मुबारक के मोके पर पहले दिन बाद नमाज जोहर हजरत केली वाले बाबा साहब (र.अ.) के आस्ताने से चादर शरीफ का जुलूस शुरू हुआ जिसमें कई अकीदतमंदो ने शिरकत की, जुलूस में मौजूद बैंड में कोमी तराने बज रहे थे वहीं अकीदतमंद हाथ में चादर उठाए ढोल, ताशो के साथ चल रहे थे, जुलूस नगर के विभिन्न मार्गों से होता हुआ पुनः हजरत केली वाले बाबा साहब के आस्ताने पर पहुंचा। जहां बाबा साहब के आस्ताने पर चादर पेश कर अकीदत के फूल पेश कर फातेहा ख्वानी हुई एवं देश में अमन चौन खुशहाली की दुआ मांगी।
कोषाध्यक्ष इमरान खान ने बताया कि इससे पूर्व उर्स कमेटी की जानिब से हज़रत घोड़ा देह वाले बाबा साहब, हज़रत रोशन अली बाबा साहब, हज़रत बॉम्बे वाले बाबा साहब के आस्ताने पर चादर पेश कर अमन चेन की दुआ मांगी गई। वहीं हज़रत केली वाले बाबा साहब के पैतृक गांव केली में बने चिल्ले पर गुस्ल देकर चादर और फूल पेश किए। जुलूस के दौरान मलंगों की टोली भी अपने सूफियाना अंदाज में साथ चली। इसके बाद, बाद नमाज ईशा महफीले कव्वाली का आयोजन किया गया। जिसमें गुलशनाबाद (म.प्र.) से तशरीफ लाएं हिंदुस्तान के मशहूर कव्वाल सलीम अल्ताफ एंड पार्टी ने ख्वाजा तेरे मंगतो का अंदाज निराला है, मुझे ऐसा रास आया मेरे पीर का तसव्वुर जैसे एक से बढ़कर एक कलाम पेश किए जिससे महफिल में मौजूद अकीदतमंद झूम उठे, उर्स कमेटी पदाधिकारियों एवं जायरीनों ने दिल खोल कर कव्वाल अल्ताफ को नजराना पेश कर हौसला अफजाई की।
इस मौके पर उर्स कमेटी संयोजक सिराज शेख, नायब सदर जमील खान उर्फ भाया बैटी, हुसैन खान, जॉइंट कोषाध्यक्ष नासिर उस्ताद, इरफान खान, राजा उस्ताद, मोहसिन खान, लाला मेवा फरोश, शराफत मेवाफरोश, सदाम खान, हेदर मेव, असलम नियारगर सहित बड़ी संख्य में अकीदतमंद मौजूद रहे।

