24 News Update उदयपुर। राजस्थान के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की पीसीपीएनडीटी टीम ने गुरुवार को उदयपुर में एक सफल डिकॉय ऑपरेशन अंजाम देकर भ्रूण लिंग निर्धारण के अवैध धंधे में लिप्त एक महिला चिकित्सक और महिला दलाल को गिरफ्तार किया। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के एमडी डॉ. अमित यादव के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई में सेंटर से आवश्यक दस्तावेज भी सीज किए गए हैं, जबकि अन्य संलिप्त व्यक्तियों की भूमिका की जांच पुलिस द्वारा जारी है।डिकॉय योजना से खुला घिनौना खेलएएसपी डॉ. हेमंत जाखड़ ने बताया कि टीम को सूचना मिली थी कि उदयपुर जिले में एक दलाल गर्भवती महिलाओं को अल्ट्रासाउंड सेंटर में ले जाकर भ्रूण लिंग परीक्षण करवाती है। इस पर टीम ने रैकी कर पाया कि सूचना सही थी। इसके बाद दलाल पूजा सागर से संपर्क किया गया। डिकॉय गर्भवती महिला के माध्यम से दलाल से 35,000 रुपए लिए गए और उसे अमर आशीष हॉस्पिटल एंड टेस्ट ट्यूब बेबी सेंटर ले जाया गया। इस दौरान दलाल और गर्भवती महिला ने टीम को बताया कि सेंटर की संचालिका डॉ. नीना सक्सेना ने खुद के हिस्से के 30,000 रुपए लिए और कहा कि “पहले पैसे दो, फिर नतीजा बताऊंगी।” पैसे देने के बाद डॉ. नीना ने कोख में बेटा होने की पुष्टि की। इसके बाद डिकॉय महिला ने बाहर आकर टीम को इशारा किया, जिस पर टीम ने मौके पर पहुँचकर दलाल पूजा और संचालिका डॉ. नीना सक्सेना (60) को हिरासत में लिया।जांच जारी, अवैध धंधे में हड़कंपइस कार्रवाई के बाद भ्रूण लिंग निर्धारण के अवैध धंधे में लिप्त लोगों के बीच हड़कंप मच गया। वरिष्ठ आईएएस और एनएचएम एमडी डॉ. अमित यादव ने कहा कि वे लिंग चयन की बुराई को जड़ से खत्म करने के लिए लगातार कार्रवाई करेंगे। पीसीपीएनडीटी टीम ने स्पष्ट किया कि इस तरह के डिकॉय ऑपरेशन नियमित रूप से किए जा रहे हैं ताकि अवैध भ्रूण लिंग परीक्षण के मामलों में लगे लोगों पर कानूनी शिकंजा कसा जा सके। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation राजस्थान ड्रेगन बॉट खिलाडियों ने राष्ट्रीय प्रतियोगिता में सोने के बाद निकाली चॉदी कला, संस्कृति और वैश्विक एकता के साथ दुनिया भर के विशेष दिव्यांग बच्चों की प्रस्तुति देखकर अचंभित रह गए दर्शक