24 News Update उदयपुर। मावली स्थित डिवाईन पब्लिक स्कूल के संचालक उमेश मेहता के विरुद्ध अमानत में खयानत के गंभीर अपराध में मुकदमा दर्ज किया गया है। न्यायिक मजिस्ट्रेट, उत्तर, क्रम संख्या 1, उदयपुर श्री रविन्द्र सोलंकी ने इस मामले में संज्ञान लेते हुए भारतीय दंड संहिता की धारा 406 के अंतर्गत अभियोजन की प्रक्रिया प्रारंभ करने के आदेश पारित किए हैं।
प्रकरण के अनुसार, उमेश मेहता वर्ष 2012 से डिवाईन पब्लिक स्कूल के छात्र-छात्राओं के लिए देहली गेट स्थित अजंता बुक स्टोर से कमीशन पर पुस्तकें प्राप्त करते रहे हैं। परंपरा के अनुसार, वह बेची गई पुस्तकों की राशि व शेष बची हुई किताबें पुनः बुक स्टोर को लौटाते रहे। किंतु 17 अप्रैल 2023 को, अंतिम बार जब उन्होंने किताबें प्राप्त कीं, उसके पश्चात उन्होंने न तो वह पुस्तकें वापस कीं और न ही उनकी कुल राशि 12,88,079 रुपये का भुगतान किया।
इस संदर्भ में अजंता बुक स्टोर के संचालक प्रवीण बंसल ने कई बार लिखित व मौखिक आग्रह कर भुगतान या पुस्तकों की वापसी की मांग की, लेकिन उमेश मेहता लगातार टालमटोल करते रहे। अंततः बंसल ने पुलिस थाना धानमंडी में शिकायत दर्ज कराई, किन्तु वहां से मामले को सिविल प्रकृति का मानते हुए रिपोर्ट न्यायालय में भेज दी गई।
इसके बाद प्रवीण बंसल ने न्यायालय में स्वयं उपस्थित होकर विस्तृत बयान दिया और आरोपी उमेश मेहता एवं उनकी पत्नी पर जानबूझकर विश्वासघात करते हुए अमानत में खयानत का आरोप लगाया। इस पर न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री सोलंकी ने दिनांक 31 मई 2025 को आदेश पारित करते हुए मामला गंभीर पाते हुए संज्ञान लिया और आरोपी को 30 जून 2025 को न्यायालय में उपस्थित होने का समन जारी किया।
प्रवीण बंसल की ओर से प्रकरण की पैरवी अधिवक्ता राजेश सिंघवी द्वारा की गई। उल्लेखनीय है कि उमेश मेहता का एक अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान ‘साड़ी निकेतन’ के नाम से बापू बाजार, उदयपुर में भी संचालित है।
स्कूल संचालक उमेश मेहता के खिलाफ अमानत में खयानत का मामला दर्ज, न्यायालय ने जारी किया समन

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