सलूंबर । प्रदेश में राशन से गेहूं वितरण के दौरान गड़बडियों की शिकायतें मिलने के बाद खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग अलर्ट मोड पर है। जिसके तहत खाद्य सुरक्षा योजना में पारदर्शिता लाने के लिए प्रदेश की सभी उचित मूल्य की दुकानों पर खाद्य सुरक्षा के पात्र लाभार्थियों की ई-केवाईसी करवाई जा रही है। 30 जून तक केवाईसी नहीं कराई तो खाद्य सुरक्षा सूची से अपने आप नाम कट सकता है।
प्रदेश के साथ ही सलूंबर जिले में खाद्य सुरक्षा सूची में शामिल 1 लाख 34 हजार 834 परिवारों के 5 लाख 21 हजार 100 उपभोक्ताओं है । जिनमें से अब तक 1 लाख 40 हजार 128 उपभोक्ताओं ने केवाईसी करवा दी है । जिन उपभोक्ताओं ने केवाईसी नहीं करवाई है। उन्हें किसी भी नजदीक के राशन डीलर के पास जाकर पोस मशीन में आधार कार्ड से ई-केवीईसी करवानी होगी। यदि किसी उपभोक्ता ने ई-केवीईसी नहीं करवाई तो उसको जून के बाद राशन सामग्री मिलना बंद हो जाएगी या यूं कहा जा सकता है कि केवाईसी नहीं करवाने वाले सदस्य का नाम परिवार के राशन कार्ड में कट जाएगा।
न्यायालय ने किए थे आदेश जारी..
खाद्य सुरक्षा सूची में शामिल राशनकार्डधारी परिवारों में कई सदस्यों के फर्जी नाम जुडने से खाद्य सुरक्षा सूची में नाम जोडने की लिमिट पूरी हो चुकी हैं, इससे कई असल नाम रह गए है। ऐसे में विभाग को 30 जून तक सूची में नाम शामिल कर उनकी रिपोर्ट सर्वोच्च न्यायालय में पेश करनी होगी। न्यायालय ने इस संबंध में आदेश जारी किए थे।
प्रदेश में कहीं भी करवा सकते है ई-केवाईसी
खाद्य सुरक्षा सूची में शामिल परिवार के सभी सदस्य अपने नजदीक के राशन डीलर के पास अपना आधार कार्ड ले जाएं, वह केवाईसी कर देगा। यदि किसी परिवार का कोई सदस्य कारणवश प्रदेश में किसी दूसरे शहर या स्थान पर है तो वह अपने आधार कार्ड से वहीं किसी राशन डीलर के पास अपनी केवाईसी करवा सकता है। केवाईसी के लिए जरूरी नहीं है कि परिवार के सभी सदस्य राशन डीलर के पास एक साथ ही जाए। वे 30 जून से पहले अपनी सुविधानुसार कभी भी जाकर केवाईसी करवा सकते हैं।
फर्जीवाड़े पर लग पाएगी रोक…
गेहूं व अन्य सामग्री के वितरण में गड़बडिय़ों की शिकायत के बाद अब विभाग की ओर से वितरण में फर्जीवाड़े को रोकने के उद्देश्य से ई-केवीईसी सिस्टम की ओर कदम बढ़ाए गए हैं। विभाग अब उचित मूल्य दुकानदारों के माध्यम से जिलें में पात्र लाभार्थियों के परिवार के सभी सदस्यों की ई-केवाईसी करके देखेगा कि वास्तव में कितने लोग हैं, जो कि पात्र हैं, जिनको लाभ मिल रहा है। फर्जीवाड़े की जानकारी के बाद विभाग राशनकार्ड से नाम भी काट सकता है। ई-केवाईसी होने के बाद उनका भी नाम राशनकार्ड में से हट जाएगा, जिनकी मौत हो गई और उनके परिजन उनके नाम का राशन यानी गेहूं उठाकर उपभोग कर रहे हैं। यही नहीं कई खाद्य सुरक्षा सूची में शामिल परिवारों में ऐसे कई नाम जुड़े हुए हैं, जिनकी बेटियों की शादी हुए कई वर्ष हो गए। ई-केवाईसी होने के बाद उनके नाम स्वतः ही खाद्य सुरक्षा सूची से हट जाएंगे।
इनका कहना है…
अपात्र व्यक्तियों यथा मृतक, बेटियों की शादी, पलायन के फर्जीवाड़े पर रोक लगाने के लिए विभाग खाद्य सुरक्षा सूची में शामिल परिवारों के सभी सदस्यों की आधार कार्ड से राशन डीलर के पास जाकर पोस मशीन में ई-केवाईसी करवाना जरूरी है। यदि 30 जून तक केवाईसी नहीं करवाई तो केवाईसी नहीं करवाने वाले सदस्य की राशन सामग्री बंद हो जाएगी।
डॉ. दीपक कुल्हार जिला रसद अधिकारी सलूंबर

