-सांसद डॉ मन्नालाल रावत द्वारा संसद में उठाए गए मामले पर केंद्रीय गृह राज्य मंत्री का जवाब-राज्य सरकारों व संघ राज्य क्षेत्र प्रशासनों को भी कार्रवाई के निर्देश दिए गएउदयपुर। भारत में अवैध रुप से रहने वाले रोहिंग्याओं और अन्य अवैध प्रवासियों को भारतीय दस्तावेज प्राप्त करने से रोकने और भारतीय पहचान दस्तावेज जारी करने की प्रणाली को मजबूत करने भारतीय विशिष्ठ पहचान प्राधिकरण सहित सभी राज्यों व संघ राज्य क्षेत्रों तथा भारतीय दस्तावेज जारी करने वाले अन्य प्राधिकरणों को निर्देश जारी किए गए हैं।देश में रोहिंग्याओं की कथित घुसपैठ को लेकर सांसद डॉ मन्नालाल रावत द्वारा संसद में उठाए गए प्रश्न पर केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंडी संजय कुमार की ओर से यह जवाब दिया गया है।गृह राज्य मंत्री ने अपने जवाब में बताया कि म्यांमार से अवैध रोहिंग्या आप्रवासियों का मुद्दा सरकार के सक्रिय विचाराधीन है। अवैध रूप से रहने वाले विदेशियों का पता लगाना और उन्हें उनके मूल देश में निर्वासित करना विदेशी अधिनियम, 1946 और पासपोर्ट (भारत में प्रवेश) अधिनियम, 1920 के तहत एक सतत और चालू वैधानिक प्रक्रिया है। केंद्र सरकार को देश में अवैध रूप से रहने वाले विदेशी नागरिकों की गतिविधियों को प्रतिबंधित करने और निर्वासित करने के लिए विदेशी अधिनियम, 1946 की धारा 3(2) (ङ) और 3 (2) (ग) के तहत शक्तियां प्रदान की गई हैं। केंद्र सरकार की ये शक्तियां भारत के संविधान के अनुच्छेद 258 (1) के तहत 1958 से सभी राज्य सरकारों को भी सौंपी गई हैं। इसके अलावा, भारत के संविधान के अनुच्छेद 239(1) के तहत, केंद्र शासित प्रदेशों के प्रशासकों को 1958 से उपरोक्त शक्तियों से संबंधित केंद्र सरकार के कार्यों का निर्वहन करने के लिए भी निर्देशित किया गया है।सभी राज्य सरकारों व संघ राज्य क्षेत्र प्रशासनों को समय-समय पर अवैध प्रवासियों (रोहिंग्या सहित) के खिलाफ की जाने वाली कार्रवाई के संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं। 30 मार्च 2021 को निर्देश भी जारी किए गए हैं जो समय-समय पर दोहराए भी जाते हैं। सभी राज्य सरकारों व संघ राज्य क्षेत्र प्रशासनों को सलाह दी गई है कि वे अवैध प्रवासियों (रोहिंग्या सहित) की पहचान के लिए कदम उठाएं, उन्हें कानून के प्रावधानों के अनुसार निर्दिष्ट स्थानों पर प्रतिबंधित करें, उनके बायोमेट्रिक विवरण कैप्चर करे, उनके कब्जे में नकली भारतीय दस्तावेजों को रद्द करे और कानून के प्रावधानों के अनुसार निर्वासन कार्यवाही सहित कानूनी कार्यवाही शुरू करें।गृह राज्य मंत्री की ओर से बताया गया है कि अवैध प्रवासियों के आधार कार्ड को निष्क्रिय करने के मामलों से निपटने के लिए भारतीय विशिष्ठ पहचान प्राधिकरण द्वारा तैयार की गई मानक संचालन प्रक्रिया को सभी राज्य सरकारों व संघ राज्य क्षेत्र प्रशासनों को भेजा गया है। अवैध प्रवासियों को भारतीय दस्तावेज प्राप्त करने से रोकने के लिए और भारतीय पहचान दस्तावेज जारी करने की प्रणाली को मजबूत करने के लिए भी भारतीय विशिष्ठ पहचान प्राधिकरण सहित सभी राज्यों व संघ राज्य क्षेत्रों और भारतीय दस्तावेज जारी करने वाले अन्य प्राधिकरणों को निर्देश जारी किए गए हैं। राज्य सरकारें व संघ राज्य क्षेत्र प्रशासन और संबंधित दस्तावेज जारी करने वाले प्राधिकारी मौजूदा दिशा निर्देशों के अनुसार इस मामले में आवश्यक कार्रवाई कर रहे हैं। Share this: Share on X (Opens in new window) X Share on Facebook (Opens in new window) Facebook More Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Related Discover more from 24 News Update Subscribe to get the latest posts sent to your email. Type your email… Subscribe Post navigation एकलिंग नाथ राष्ट्रीय सेवा संगठन के स्थापना दिवस का निमंत्रण पत्र बोहरा गणेशजी को अर्पित फील्ड क्लब में, आचार संहिता, बाहर चले रहे पार्टियों के दौर, ओएमआर शीट पर पड़ेंगे वोट, 22 तक नो ड्यूज