24 न्यूज अपडेट उदयपुर। राजस्थान, विशेषकर उदयपुर, कारीगरों की कला और संस्कृति का धरोहर स्थल है। लेकिन सरकारी योजनाओं के सही क्रियान्वयन और समर्थन के अभाव में यहां के कारीगर आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं। यदि योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू किया जाए, तो न केवल उदयपुर, बल्कि संपूर्ण राजस्थान के हस्तशिल्प उद्योग को एक नई दिशा मिल सकती है। इसका कारण बताया जाता है कि उदयपुर के कारीगरों को अपने उत्पादों को बेचने के लिए बड़े बाजारों तक पहुंचने में कठिनाई होती है। तकनीकी ज्ञान की कमी दृ डिजिटलीकरण और ऑनलाइन बिक्री प्लेटफॉर्म्स की जानकारी का अभाव है। मध्यस्थों की दखलअंदाजी दृ दलाल एवं बिचौलिए कारीगरों को उचित दाम नहीं मिलने देते। वित्तीय सहायता की कमी दृ बैंकों से ऋण लेने में दिक्कतें आती हैं, जिससे नए व्यवसाय शुरू करने में बाधा उत्पन्न होती है। केंद्र सरकार की योजनाओं का कम प्रभाव दृ अन्य राज्यों की तुलना में सरकारी योजनाओं का लाभ उदयपुर में कम देखने को मिलता है।
अब देखते हैं कि सवाल पर क्या जबाब मिला-
📌 राजस्थान में पंजीकृत कारीगरों की स्थिति
📍 कुल पंजीकृत कारीगर (भारत): 29,95,672
📍 राजस्थान में कुल पंजीकृत कारीगर: 1,69,292
📍 अन्य राज्यों की तुलना में राजस्थान की स्थिति:
- उत्तर प्रदेश: 9,95,540
- पश्चिम बंगाल: 2,87,575
- मध्य प्रदेश: 1,21,870
- गुजरात: 85,430
📍 राजस्थान में लाभान्वित कारीगर (2023-24):
- राजस्थान: 4,280
- उत्तर प्रदेश: 14,564
- मध्य प्रदेश: 23,714
- गुजरात: 5,220
📌 राजस्थान में प्रमुख हस्तशिल्प केंद्र
✅ जयपुर – जरी-जरदोजी, ब्लू पॉटरी, जेमस्टोन ज्वैलरी
✅ जोधपुर – लकड़ी की नक्काशी, मेटल क्राफ्ट
✅ बीकानेर – ऊन उत्पाद, लैकर वर्क
✅ अजमेर – पत्थर नक्काशी, आभूषण
✅ उदयपुर – मिनिएचर पेंटिंग, बंधेज, टेराकोटा
📌 राजस्थान में सरकारी योजनाएँ और लाभार्थी
1️⃣ राष्ट्रीय हस्तशिल्प विकास कार्यक्रम (NHDP)
✅ कारीगरों के लिए वित्तीय सहायता और कौशल विकास
✅ 2023-24 में राजस्थान में लाभार्थी: 2,190
2️⃣ व्यापक हस्तशिल्प क्लस्टर विकास योजना (CHCDS)
✅ विशिष्ट क्षेत्रों में समूह बनाकर कारीगरों को सहयोग
✅ राजस्थान में लाभार्थी: 1,500
3️⃣ प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY)
✅ छोटे व्यापार शुरू करने के लिए ऋण सुविधा
✅ राजस्थान में 2023-24 में लोन प्राप्त कारीगर: 590
4️⃣ मार्केटिंग सपोर्ट योजना
✅ मेलों, प्रदर्शनियों के जरिए कारीगरों के उत्पादों को बाजार में बढ़ावा
✅ राजस्थान में लाभान्वित कारीगर: 4,280
📢 निष्कर्ष:
- मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में योजनाओं से अधिक लाभान्वित कारीगर।
- राजस्थान में योजनाओं का प्रभाव सीमित।
- जागरूकता और क्रियान्वयन की जरूरत।
📌 🔶 विशेष रूप से उदयपुर: हस्तशिल्प और कारीगरों की स्थिति 🔶
📍 उदयपुर में पंजीकृत कारीगर: 6,739
📍 प्रमुख हस्तशिल्प:
✅ मिनिएचर पेंटिंग
✅ बंधेज और टाई-डाई टेक्सटाइल
✅ लकड़ी और पत्थर नक्काशी
✅ टेराकोटा और मिट्टी के उत्पाद
📌 भारत में पंजीकृत कारीगरों की स्थिति
| राज्य/संघ राज्य क्षेत्र | पंजीकृत कारीगरों की संख्या |
|---|---|
| भारत (कुल) | 29,95,672 |
| उत्तर प्रदेश | 9,95,540 |
| पश्चिम बंगाल | 2,87,575 |
| ओडिशा | 1,75,974 |
| राजस्थान | 1,69,292 |
| गुजरात | 1,37,768 |
| जम्मू और कश्मीर | 1,19,964 |
| बिहार | 1,18,831 |
| झारखंड | 97,471 |
| मध्य प्रदेश | 96,755 |
| महाराष्ट्र | 73,604 |
| तमिलनाडु | 77,781 |
| अन्य राज्य | 5,74,243 |
📢 राजस्थान देश में चौथे स्थान पर है, लेकिन अन्य राज्यों की तुलना में योजनाओं का लाभ कम मिल रहा है।
📌 राजस्थान में जिलावार पंजीकृत कारीगरों की संख्या
| जिला | कारीगरों की संख्या |
|---|---|
| जयपुर | 32,357 |
| जोधपुर | 33,180 |
| बीकानेर | 5,860 |
| उदयपुर | 6,739 |
| अजमेर | 4,223 |
| नागौर | 3,579 |
| पाली | 3,130 |
| राजसमंद | 2,212 |
| झुंझुनू | 2,950 |
| चित्तौड़गढ़ | 1,509 |
| अन्य जिले | 67,553 |
| कुल (राजस्थान) | 1,69,292 |
📢 जयपुर और जोधपुर में सबसे अधिक पंजीकृत कारीगर, लेकिन उदयपुर भी एक महत्वपूर्ण केंद्र है।
📌 सरकारी योजनाएँ और उनके लाभार्थी (2021-24)
| योजना | 2021-22 | 2022-23 | 2023-24 |
|---|---|---|---|
| भारत में लाभार्थी | 1,44,952 | 1,15,118 | 1,03,958 |
| राजस्थान में लाभार्थी | 8,612 | 7,705 | 4,280 |
| उत्तर प्रदेश | 27,721 | 26,519 | 14,564 |
| मध्य प्रदेश | 5,360 | 5,101 | 23,714 |
| गुजरात | 10,962 | 6,222 | 4,238 |
| त्रिपुरा | 1,290 | 1,030 | 10,990 |
📢 राजस्थान में योजनाओं से लाभान्वित कारीगरों की संख्या घटी है, जबकि मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में इसका विस्तार हुआ।
📌 राजस्थान बनाम अन्य राज्य: योजनाओं की तुलना
| योजना | राजस्थान | मध्य प्रदेश | उत्तर प्रदेश |
|---|---|---|---|
| राष्ट्रीय हस्तशिल्प विकास योजना (NHDP) | 2,190 | 5,200 | 7,540 |
| व्यापक हस्तशिल्प क्लस्टर विकास योजना (CHCDS) | 1,500 | 3,100 | 4,800 |
| प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) लोन | 590 | 1,800 | 2,500 |
| मार्केटिंग सपोर्ट योजना | 4,280 | 23,714 | 14,564 |
📢 राजस्थान में योजनाओं का लाभ कम लोगों तक पहुंच रहा है। मध्य प्रदेश में योजनाओं का लाभ 5 गुना अधिक कारीगरों को मिला।

